शहर किसका है, लोगों का या कारों का? | मल्टीमीडिया | DW | 20.09.2021
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मल्टीमीडिया

शहर किसका है, लोगों का या कारों का?

जैसे जैसे शहरों की आबादी बढ़ रही है, वहां जगह घटती जा रही है. सड़कें और कारों की पार्किंग उससे कहीं ज्यादा जगह ले रही हैं जितने उनके हिस्से आनी चाहिए. इसीलिए दुनिया में कार फ्री शहरों की बात हो रही है. लेकिन यह कितना संभव है, चलिए जानते हैं.

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