युद्धग्रस्त सीरिया में लगातार चौथी बार राष्ट्रपति चुनाव जीते असद | दुनिया | DW | 28.05.2021
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दुनिया

युद्धग्रस्त सीरिया में लगातार चौथी बार राष्ट्रपति चुनाव जीते असद

बशर अल असद ने 95.1 प्रतिशत वोट के साथ एक और बार फिर सीरिया के राष्ट्रपति पद का चुनाव जीता है, लेकिन यह नतीजे पश्चिम की आलोचना को शांत नहीं कर सकते हैं.

देश की संसद के अध्यक्ष ने गुरुवार को घोषणा की कि असद ने चौथी बार 95 प्रतिशत से ज्यादा वोटों के साथ राष्ट्रपति पद का चुनाव जीत लिया है. हम्मूद सब्बाग ने यह भी कहा कि मतदान का प्रतिशत 78.66 रहा. इस जीत के साथ असद के अगले सात साल तक देश के राष्ट्रपति बने रहने का रास्ता साफ हो गया है. सीरियाई सरकार के आधिकारिक ट्विटर हैंडल ने ट्वीट किया, "सीरियाई लोगों ने अपना मत रखा. बशर अल असद ने देश के भीतर और बाहर के 95.1 प्रतिशत वोट हासिल करने के बाद सीरियाई अरब गणराज्य के राष्ट्रपति चुनाव में जीत हासिल की."

पश्चिमी देश इस चुनाव की पहले ही आलोचना कर चुके थे और उन्होंने इसे "छलपूर्ण चुनाव" बताया था. बुधवार को ही अमेरिका, ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी और इटली ने चुनाव को न तो "स्वतंत्र और न ही निष्पक्ष" बताते हुए एक बयान जारी किया था. असद की सरकार ने दावा किया कि चुनाव से पता चलता है कि सीरिया अभी भी एक दशक पुराने संघर्ष के बावजूद सामान्य रूप से काम कर रहा है. 10 साल से जारी संघर्ष के कारण हजारों लोग मारे गए और दस लाख से अधिक लोग विस्थापित हुए. जान बचाने के लिए हजारों ने लोगों ने देश को छोड़ दिया.

Syrien Präsidentschaftswahlen

पश्चिम देशों ने चुनाव पर उठाए सवाल

अमेरिका ने चुनाव की निष्पक्षता पर संदेह जताया

अमेरिका और यूरोपीय के कई देशों ने इस चुनाव सत्यता और प्रमाणिकता पर संदेह जताया है. पश्चिम देशों ने कहा है कि चुनाव ने सीरिया में चल रहे संघर्ष को सुलझाने के लिए संयुक्त राष्ट्र के प्रस्तावों का उल्लंघन किया है. अंतरराष्ट्रीय समुदाय ने चुनाव के लिए अंतरराष्ट्रीय निगरानी की कमी की भी शिकायत की है. देश के उन इलाकों में ही मतदान संभव था जहां सरकार का नियंत्रण है. कई शरणार्थी जो हाल के वर्षों में सीरिया में जारी लड़ाई से बचने के लिए भाग गए हैं, वे भी मतदान में भाग लेने में असमर्थ या अनिच्छुक थे.

राष्ट्रपति बशर अल असद के अलावा, अरब ऑर्गनाइजेशन फॉर ह्यूमन राइट्स के प्रमुख मुहम्मद अहमद मैरी और पूर्व मंत्री अब्दुल्ला सलौम अब्दुल्ला राष्ट्रपति पद के लिए मैदान में थे. साल 2014 में हुए चुनाव में असद को कुल 88 फीसदी वोट मिले थे. इस तरह से असद ने ताजा चुनाव में और ज्‍यादा वोटों से जीत दर्ज की है. उनके दो विरोधियों अब्‍दुल्‍ला और मुहम्मद मैरी को क्रमश: 1.5 फीसदी और 3.3 फीसदी वोट मिले. असद की जीत के बाद दमिश्‍क में उनके समर्थक आतिशबाजी करते नजर आए, उनके हाथों में सीरिया के झंडे और असद के पोस्टर थे.

राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार को जन्म से सीरियाई नागरिक होना चाहिए और कम से कम 40 साल का होना चाहिए. उम्मीदवारों को दोहरी नागरिकता के साथ-साथ विदेशी पार्टनर रखने की अनुमति नहीं है. चुनाव के लिए एक शर्त यह भी थी कि उम्मीदवार चुनाव से पहले तक दस साल सीरिया में रहा हो. सीरिया 2011 के बाद से गृहयुद्ध में उलझा हुआ है. एक अनुमान के मुताबिक गृहयुद्ध में चार लाख लोग मारे गए हैं. लोकतंत्र समर्थक समूहों के अरब वसंत के बाद से असद की सेना जेहादी संगठनों से लड़ रही है.

एए/सीके (एपी, रॉयटर्स, डीपीए)

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