500 हाथियों का एक जंगल से दूसरे में तबादला | दुनिया | DW | 22.07.2016
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दुनिया

500 हाथियों का एक जंगल से दूसरे में तबादला

अफ्रीका के मालावी में सैकड़ों हाथियों को एक जंगल से दूसरे जंगल ले जाया जा रहा है. 500 हाथियों को स्थानांतरित किया जा चुका है.

500 हाथियों को एक जगह से दूसरी जगह ले जाना क्या आसान है! कई हफ्तों की मशक्कत के बाद कई ट्रकों, ट्रेनों और हेलिकॉप्टरों की मदद से यह काम पूरा कर लिया गया है. मालावी के वन अधिकारी अब खुश हैं. उन्हें यकीन है कि उन्होंने इन 500 हाथियों की जान बचा ली है.

लिवोंडे नेशनल पार्क में इन हाथियों को नया घर मिला है. इस पार्क को उन प्रजातियों के लिए बनाया गया है जिनका वजूद खतरे में है. मालावी अफ्रीकी महाद्वीप के सबसे ज्यादा घनी आबादी वाले मुल्कों में है. लोग बढ़ रहे हैं. उनकी बस्तियां बढ़ रही हैं. लिहाजा जंगल घट रहे हैं. और इसका सीधा असर वन्य प्राणियों पर पड़ रहा है. नतीजा इस तरह के स्थानांतरण के रूप में दिखाई दे रहा है जब जानवरों को किसी और जगह बसा दिया जाता है.

क्या यह हत्या नहीं है? तस्वीर पर क्लिक करके देखें

हाथियों का स्थानांतरण एक बहुत बड़ी परियोजना थी. वन्य प्राणी विशेषज्ञों ने हाथियों के बड़े बड़े कानों से उनकी आंखों को ढक दिया था ताकि रोशनी उन्हें परेशान न करे. और उनकी सूंड के अगले हिस्से को छोटी छोटी युक्तियों से ज्यादा खोल दिया गया था ताकि सफर में उन्हें सांस लेने में दिक्कत न हो. फिर टनों वजनी एक एक हाथी को क्रेन की मदद से उठाकर ट्रकों में डाला गया और लगभग 300 किलोमीटर दूर ले जाया गया जहां जंगल ज्यादा सुरक्षित और बड़ा है.

इंसानी बस्तियों की वजह से छोटे होते जंगलों का सबसे बुरा असर अफ्रीकी हाथियों पर पड़ा है. उनके दांतों की मांग अब भी बहुत ज्यादा है. खासकर एशिया में यह मांग बढ़ ही रही है. लिहाजा दसियों हजार हाथी शिकारियों द्वारा मार दिए गए हैं. इसलिए वन्य प्राणी विशेषज्ञों ने इन हाथियों को स्थानांतरित करने का फैसला किया. इस विशाल परियोजना की सफलता पर लिवोंडे नेशनल पार्क के मैनेजर क्रेग रीड कहते हैं, "अब यही तरीका है. हमें भविष्य में भी ऐसा ही करना होगा."

शेरों वाली 10 बातें

दरअसल, अफ्रीका के कई पार्क ऐसा कर रहे हैं. जहां भी हाथियों की संख्या ज्यादा हो रही है, उन्हें नखोटाकोटा भेजा जा रहा है. नखोटाकोटा में शिकारियों ने हाथियों का लगभग सफाया कर दिया है. ये सारे पार्क अफ्रीकन पार्क्स नाम की एक अलाभकारी संस्था द्वारा प्रबंधित हैं. उसे नीदरलैंड्स की पोस्टकोड लॉटरी और अमेरिका की विस फाउंडेशन की ओर से वित्तीय मदद मिल रही है. हाथियों का स्थानांतरित करने की इस परियोजना पर 16 लाख डॉलर का खर्च आना है. अगले साल तक कई सौ हथियों को स्थानांतरित किया जाना है.

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