शादी निभाइए, मेडल ले जाइए | लाइफस्टाइल | DW | 13.02.2014
  1. Inhalt
  2. Navigation
  3. Weitere Inhalte
  4. Metanavigation
  5. Suche
  6. Choose from 30 Languages

लाइफस्टाइल

शादी निभाइए, मेडल ले जाइए

सिर पर बुढ़ापे की चांदी और होठों पर फूटती सम्मान की खुशी. पोलैंड में एक साथ ऐसे करीब दो दर्जन जोड़ों को उनकी शादी की गोल्डन जुबली पूरी करने पर सरकार की ओर से राष्ट्रपति मेडल दिए गए.

इस बात से तो सब इत्तेफाक रखते हैं कि शादी निभाना कोई बाएं हाथ का खेल नहीं. शादी निभाने में जितनी जुगत लगती है उसका पूरा सम्मान करते हुए पोलैंड की राजधानी वॉरसा में ऐसे जोड़ों को राष्ट्रपति मेडल से नवाजने का फैसला लिया गया, जिन्होंने जीवन के तमाम उतार चढ़ावों में एक दूसरे का साथ छोड़े बिना 50 साल पूरे किए. वॉरसा की मेयर हाना ग्रोंकिविच वाल्त्स इस मौके पर बताती हैं, "इसमें पास होने के लिए आपको 18,000 से भी ज्यादा दिनों की कड़ी मेहनत से गुजरना होता है. बाकी मेडल पाने की योग्यता इससे आसान होती है. इसलिए साथ मिलकर पूरी एक अर्ध शताब्दी बिताना सचमुच एक बड़ी उपलब्धि है."

जितनी बड़ी उपलब्धि, उतना ही शानदार सम्मान. खुशकिस्मत जोड़े बारी बारी से रेड कार्पेट पर चलकर आए और अपना मेडल स्वीकार किया. चांदी के रंग का यह राष्ट्रपति मेडल प्यार और साथ को बखूबी दर्शाता है. इसके बीचोंबीच एक दूसरे से लिपटे हुए गुलाब के फूल हैं और उन्हें बांधता हुआ एक गुलाबी रिबन. इस मौके पर इन जोड़ों के परिवार वालों ने मेडल लेते हुए अपने प्रियजनों की तस्वीरों लीं और मौके का पूरा लुत्फ उठाया. ज्यादातर कैथोलिक धर्म को मानने वाले देश पोलैंड के कई शहरों में यह परंपरा रही है. यहां इसकी शुरूआत 1960 में हुई. हर साल राष्ट्रपति कार्यालय से ऐसे करीब 65,000 मेडल दिए जाते हैं.

Rentnerpaar beim Spaziergang

अमेरिका और ब्रिटेन में भी मिलते है लंबी शादियों पर खास संदेश

ऐसा नहीं है कि शादीशुदा जोड़ों के महत्वपूर्ण दिन और वर्षगांठ मनाने का चलन सिर्फ पोलैंड में ही है. अमेरिका में भी अगर आप शादी की गोल्डन जुबली मनाते हैं तो सीधे राष्ट्रपति के निवास व्हाइट हाउस से आपके लिए खास शुभकामना संदेश आता है. ब्रिटेन ने इस मामले में मानदंड और ऊंचे रखे हैं. यहां जोड़ों को बिना कभी अलग हुए शादी के साठ साल पूरे करने पर ही ब्रिटेन की रानी से शुभकामना संदेश मिलता है. मजे की बात है कि महारानी एलिजाबेथ द्वितीय खुद सात साल पहले इस श्रेणी में आईं जब उनकी शादी के 60 साल पूरे हुए.

समाजवाद के समय रोमेनिया में 'ऑर्डर ऑफ मदर हीरो' उपाधि का चलन था. यह ऐसी मांओं को दिया जाता था जिन्होंने कम से कम दस बच्चों को जन्म दिया हो. लेकिन पोलैंड के अलावा कोई ऐसा देश नहीं जो लंबी चलने वाली शादियों को राष्ट्रपति मेडल देता हो. ये मेडल ज्यादातर देशों में सेना की उपलब्धियों पर दिए जाते हैं. राहत की बात है कि शादी के मोर्चे पर टिके रहने को कहीं तो एक तरह की बहादुरी समझा जाता है.

आरआर/एमजी(एएफपी)

DW.COM

विज्ञापन