रंगों में डूबे राजनेता | दुनिया | DW | 24.03.2016
  1. Inhalt
  2. Navigation
  3. Weitere Inhalte
  4. Metanavigation
  5. Suche
  6. Choose from 30 Languages

दुनिया

रंगों में डूबे राजनेता

सोशलमीडिया पर शेयर की जा रही तस्वीरें बता रही हैं कि भारतीय राजनेताओं ने भी रंगों के त्योहार को दिल खोल कर मनाया. इस बीच राजनीतिक छींटाकशी से भरे वीडियो भी खूब चल रहे हैं.

वीडियो देखें 02:09
अब लाइव
02:09 मिनट

रंगों में नहाया भारत

दुनिया भर में भारत की जिन चीजों को अपनाने का चलन बढ़ रहा है उनमें से एक रंगों का पर्व होली भी है. रंगों की बौछार में डूबने का इंतजार भारत में साल भर बेसब्री से होता है.

इस मौके पर भारतीय राजनेताओं की भी कुछ रोचक तस्वीरें सोशल मीडिया के जरिए सामने आ रही हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्विटर पर देशवासियों को होली की शुभकामनाएं दीं.

वहीं कांग्रेस पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी और उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने पार्टी मुख्यालय में पार्टी सदस्यों और कार्यालय के कर्मचारियों के साथ होली खेली.

गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने दिल्ली में अपने निवास पर होली खेली. इंटरनेट पर उनकी कई तस्वीरें देखी जा सकती हैं जिनमें वह रंगों में नहाए युवाओं के साथ सेल्फियां लेते देखे जा सकते हैं. राजनाथ सिंह ने सभी को होली की हार्दिक शुभकामनाएं दीं. देश भर में पुलिस और ट्रैफिक पुलिसकर्मी भी होली का त्योहार मना रहे हैं लेकिन विभाग के करीब 2500 अधिकारियों को गुंडागर्दी से निपटने के लिए चौकसी पर भी लगाया गया है. राजधानी दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था के कड़े इंतजाम किए गए हैं. राजनाथ सिंह ने कहा, "ये रूटीन अलर्ट हैं जो हर पर्व से पहले जारी किए जाते हैं, ताकि देश की सुरक्षा बनी रहे."

हालांकि लगता है मुंह पर स्याही फेंके जाने की घटना के तजुर्बे से दिल्ली मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल रंगों के मामले में जरा चौकन्ना हैं. उन्होंने परिवार के साथ होली खेलने की तस्वीरें ट्विटर पर शेयर कीं. उनके आवास के बाहर लिखकर चिपका दिया गया है कि बाहरी रंग मुख्यमंत्री के घर के अंदर लाने की अनुमति नहीं है.

केंद्रीय मंत्री कलराज मिश्र ने भी ट्विटर पर परिवार के सदस्यों के साथ तस्वीरें शेयर कीं. बीजेपी ने देशवासियों से इस होली 'मेरा रंग दे बसंती चोला' गा कर होली मनाने का आह्वान किया है. यह गीत 1965 में आई फिल्म शहीद और 2002 में आई फिल्म द लेजेंड ऑफ भगत सिंह में इस्तेमाल हुआ है. दोनों ही फिल्में क्रांतिकारी भगत सिंह के जीवन पर आधारित हैं.

पार्टी सूत्रों के मुताबिक स्वतंत्रता सेनानी भगत सिंह, राजगुरू और सुखदेव को श्रद्धांजलि देने के तीन दिन के कार्यक्रम के जरिए बीजेपी उनके बलिदान को याद करना चाहती है. इन तीनों को 23 मार्च को फांसी दी गई थी. एनडीए के सत्ता में आने के बाद से पार्टी अपनी राष्ट्रीय अभियान में कई नए नाम जोड़ती रही है जिनका पहले पार्टी की तरफ से जिक्र नहीं होता था. इससे पहले कांग्रेस नेता शशि थरूर ने जेएनयू के छात्र नेता कन्हैया कुमार की तुलना भगत सिंह से की थी.

एसएफ/एमजे

DW.COM

इससे जुड़े ऑडियो, वीडियो

संबंधित सामग्री