प्रोटीनों के विकास पर मिला कैमिस्ट्री का नोबेल | विज्ञान | DW | 03.10.2018
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विज्ञान

प्रोटीनों के विकास पर मिला कैमिस्ट्री का नोबेल

इस साल रसायन शास्त्र का नोबेल पुरस्कार दो अमेरिकी और एक ब्रिटिश वैज्ञानिक को साझा तौर पर मिलेगा. उन्हें एक खास प्रोटीन विकसित करने के लिए यह पुरस्कार दिया जाएगा.

स्वीडिश रॉयल साइंस एकेडमी ने बुधवार को रसायन शास्त्र के नोबेल पुरस्कार की घोषणा की और इस साल के विजेताओं में फ्रांसिस एच आर्नोल्ड, जॉर्ज स्मिथ और ग्रेगरी पी विंटर के नाम शामिल हैं.

इन वैज्ञानिकों के योगदान का उल्लेख करते हुए साइंस एकेडमी ने कहा कि उन्होंने ऐसे प्रोटीन विकसित किए जिन्होंने "इंसानों की रासायनिक समस्याओं" को सुलझाया. ज्यूरी का कहना है कि ये प्रोटीन बायोफ्यूल से लेकर दवाएं बनाने तक में काम आते हैं. 

पुरस्कार के तहत 10 लाख डॉलर की राशि मिलेगी जिसमें से आधी अमेरिकी रसायनशास्त्री आर्नोल्ड को मिलेगी जबकि बाकी बची राशि में अमेरिकी वैज्ञानिक स्मिथ और ब्रिटिश वैज्ञानिक विंटर भागीदार होंगे.

इससे पहले 2018 के लिए भौतिकी का नोबेल अमेरिका के आर्थर एश्किन, फ्रांस के जेरा मुरू और कनाडा की डोना स्ट्रिकलैंड को देने की घोषणा हुई जबकि चिकित्सा के क्षेत्र में यह प्रतिष्ठित पुरस्कार इस साल जेम्स पी एलिसन और तासुकु होंजो को दिया जाएगा.

एके/एमजे (एपी, एएफपी)

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