पर्यावरण के लिए दुनिया भर में रैलियां | दुनिया | DW | 20.09.2019
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दुनिया

पर्यावरण के लिए दुनिया भर में रैलियां

आज दुनिया भर में पर्यावरण रक्षा पर जोर देने के लिए फ्राइडे फॉर फ्यूचर अभियान के आह्वान पर हड़ताल हो रही है. ऑस्ट्रेलिया में पहली हड़ताल में 300,000 लोगों ने हिस्सा लिया.

पर्यावरण के वैश्विक हड़ताल की शुरुआत ऑस्ट्रेलिया से हुई जहां आयोजकों के अनुसार 300,000 लोगों ने हिस्सा लिया. फ्राइडे फॉर फ्यूचर के कार्यकर्ताओं के अनुसार यह पहले के विरोध प्रदर्शनों की तुलना में दोगुना है. सबसे बड़ी रैलियां सिडनी और मेलबर्न में निकाली गईं.

युवाओं के आंदोलन फ्राइडे फॉर फ्यूचर को दुनिया भर में करोड़ों लोगों के शामिल होने की उम्मीद है. जर्मनी में गुरुवार से सत्ताधारी पार्टियां पर्यावरण सुरक्षा के लिए सरकारी कदमों पर विचार कर रहे हैं. आज शाम तक चांसलर अंगेला मैर्केल की क्लाइमेट कैबिनेट के फैसलों को सार्वजनिक किया जाएगा. चांसलर मैर्कल की सीडीयू, सीएसयू और एसपीडी पार्टी के नेताओं की बैठक पिछले 15 घंटों से चल रही है. जर्मन सरकार इन कदमों के साथ 2030 तक के पर्यावरण सुरक्षा लक्ष्यों को पूरा करने को सुनिश्चित करना चाहती है. प्रमुख रूप से कोयला से चलने वाले बिजली घरों को बंद करने की मांग हो रही है, लेकिन आर्थिक कारणों से इसमें देरी हो रही है.जर्मनी के शहरों में पर्यावरण संरक्षण के लिए 500 रैलियां और सभाएं होंगी.

Bangladesch | Klimastreik | Global Strike 4 Climate | Dhaka (Getty Images/A. Joyce)

बांग्लादेश

जर्मनी में पर्यावरण आंदोलन बहुत ही मजबूत है. यहां पर्यावरण मुद्दों पर जोर देने वाली ग्रीन पार्टी भी है. फिर भी अक्सर सीडीयू और एसपीडी पार्टियों पर उद्योग का पक्ष लेने और पर्यावरण सुरक्षा को नजरअंदाज करने के आरोप लगाए जाते हैं. फ्राइडे फॉर फ्यूचर की प्रवक्ता लियोनी ब्रेमर ने जर्मन सरकार पर आधे दिल से पर्यावरण सुरक्षा की बात करने का आरोप लगाया है.

रैलियों से पहले जर्मनी में एक प्रांत लोवर सेक्सनी के अपराध कार्यालय ने पर्यावरण संरक्षकों के रैडिकल होने की चेतावनी दी है. प्रांतीय पुलिस का कहना है कि यह आश्चर्य की बात नहीं होगी कि हिंसा के लिए तैयार वामपंथी चरमपंथी पर्यावरण के विषय का इस्तेमाल करें. पुलिस के अनुसार यह हैम्बर्ग में जी-20 शिखर सम्मेलन के दौरान हुए विरोध प्रदर्शन की तर्ज पर हो सकता है.

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