डार्क चॉकलेट से दिल का दौरा कम | लाइफस्टाइल | DW | 01.06.2012
  1. Inhalt
  2. Navigation
  3. Weitere Inhalte
  4. Metanavigation
  5. Suche
  6. Choose from 30 Languages
विज्ञापन

लाइफस्टाइल

डार्क चॉकलेट से दिल का दौरा कम

चॉकलेट सिर्फ लजीज ही नहीं है, ये उन लोगों के लिए दवा का काम भी करता है जो दिल के मरीज हैं. ऑस्ट्रेलिया के शोधकर्ताओं ने दावा किया है 10 साल तक हर दिन चॉकलेट खाने से दिल के मरीजों को फायदा होता है. .

मेलबर्न यूनिवर्सिटी में 2013 लोगों पर किए गए रिसर्च के बाद ये बात सामने आई है. इसमें कहा गया है कि हर दिन 100 ग्राम चॉकलेट दिल का दौरा कम करने में काफी मददगार है.

रिसर्चर ओला जोमर का कहना है कि 1,000 लोगों में गंभीर रूप से बीमार 70 और सामान्य रूप से दिल के मरीजों पर यह शोध किया गया. रिसर्चरों के मुताबिक रोज डॉर्क चॉकलेट यानी कड़वी और गहरे भूरे रंग की चॉकलेट खाने वालों में से 15 में दिल के दौरे की संभावना बहुत कम हो गई. डॉक्टरों के मुताबिक अगर कोई 10 साल तक डार्क चॉकलेट का सेवन करे, तो हार्ट अटैक की संभावना बहुत कम हो जाती है.

जोमर कहते हैं, "हमारे निष्कर्षों को दिल के मरीजों पर दवाई के अतिरिक विकल्प रूप से आजमाया जा सकता है." रिसर्च में पाया गया कि जिन लोगों ने चॉकलेट का सेवन किया और जिन लोगों ने यह नहीं खाया, उनके बीच खतरे की संभावना में साफ अंतर था.

शोधकर्ताओं का मानना है कि डार्क चॉकलेट इसलिए दिल के लिए अच्छी होती है क्योंकि इसमें एंटी ऑक्सीडेंट होते हैं जो रक्त ले जाने वाली कोशिकाओं को फैलाकर रखते हैं. इससे खतरे में कमी आती है. इसके अलावा शोध में यह भी कहा गया है कि हरी चाय और लाल रंग का सेब या ब्लूबेरी खाने से भी दिल का दौरा पड़ने का खतरा कम हो जाता है.

लेकिन साथ ही रिसर्चर यह भी कह रहे हैं कि सिर्फ डार्क चॉकलेट खाने से काम नहीं चलेगा, उसके साथ जरूरी व्यायाम भी रोज करना होगा.

वीडी/ओएसजे (एएफपी)

DW.COM

विज्ञापन