1. Inhalt
  2. Navigation
  3. Weitere Inhalte
  4. Metanavigation
  5. Suche
  6. Choose from 30 Languages

दुनिया

खुली लड़ाई में बदलता कश्मीर का गुपचुप युद्ध

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने ईद के मौके पर कश्मीर की आजादी का जिक्र छेड़ा. भारतीय कश्मीर में त्योहार के दिन सुरक्षाकर्मियों के साथ झड़प में दो लोग मारे गए.

भारत प्रशासित कश्मीर के 10 जिलों में बकरीद के दिन भी कर्फ्यू जारी रहा. इसके बावजूद कुछ जगहों पर लोग सड़कों पर आए और सुरक्षाकर्मियों से उनकी झड़प हुई. जम्मू कश्मीर पुलिस के मुताबिक शोपियां जिले में भीड़ ने सुरक्षाकर्मियों पर हमला किया. जवाबी कार्रवाई में 24 साल के एक युवक की मौत हो गई. दूसरा वाकया पुलवामा जिले में हुआ. वहां सुरक्षाकर्मियों के साथ झड़प के दौरान 45 साल के शख्स को दिल का दौरा पड़ा. पुलवामा में दो दर्जन से ज्यादा लोग घायल भी हुए हैं.

आजाद भारत के इतिहास में यह पहला मौका है जब ईद के दिन कश्मीर के सभी 10 जिलों में कर्फ्यू लगा रहा. प्रदेश की राजधानी श्रीनगर की मुख्य हजरतबल दरगाह पर ईद की नमाज भी अदा नहीं की गई. प्रशासन ने लोगों को स्थानीय मस्जिदों में नमाज पढ़ने का आदेश दिया. ईद के दिन आमतौर पर चहल पहल से भरे रहने वाले श्रीनगर के बाजार मंगलवार को सूने थे. मिठाई और बेकरी की दुकानें भी बंद रहीं. अशांति की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने मोबाइल डाटा सर्विस को भी ब्लॉक कर दिया.

Pakistan Indischer Ministerpräsident Narendra Modi zu Besuch in Lahore

तमाम कोशिशों के बावजूद बहाल नहीं हो सकी दोस्ती

भारत का आरोप है कि पाकिस्तान कश्मीर में हिंसा भड़का रहा है. नई दिल्ली के मुताबिक इस्लामाबाद आतंकवादियों और अलगाववादी नेताओं को समर्थन दे रहा है. पाकिस्तान इन आरोपों से इनकार करता है. भारतीय कश्मीर में 1980 के दशक में सशस्त्र संघर्ष शुरू हुआ. यह संघर्ष अब तक 50,000 लोगों की जान ले चुका है.

मंगलवार को पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने ईद के संदेश में कश्मीर का जिक्र किया. पाकिस्तानी प्रधानमंत्री ने कहा, "हम कश्मीरियों की कुर्बानी की अनदेखी नहीं कर सकते. वे अपनी कुर्बानी के दम पर सफल होंगे. हम इस ईद को कश्मीरियों के बड़े बलिदान के लिए समर्पित करते हैं और हम ऐसा तब तक करते रहेंगे जब तक उनकी (कश्मीरियों) इच्छा के मुताबिक समाधान नहीं निकलता."

15 अगस्त को भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने भाषण में पहली बार बलूचिस्तान और पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर का नाम लिया था. कश्मीर घाटी की कई महीनों की हिंसा के बाद मोदी ने पाकिस्तान को जाहिर कर दिया कि भारत भी अब बलूचिस्तान और पाकिस्तानी नियंत्रण वाले कश्मीर का मुद्दा उठाएगा. मोदी का एलान भारत की विदेश नीति में एक बड़ा बदलाव है.

करीब डेढ़ दशक तक पर्दे के पीछे चल रहा कश्मीर विवाद अब खुली कूटनीतिक लड़ाई के रूप में सामने आ रहा है. मंगलवार को नवाज शरीफ ने भी अपनी मंशा जाहिर करते हुए कहा कि, "कश्मीर के लोगों ने भारत से आजादी पाने के लिए अपनी तीसरी पीढ़ी भी कुर्बान कर दी है. वे अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति से संघर्ष कर रहे हैं और भारत की ज्यादती का सामना कर रहे हैं. उनकी आवाज को ताकत से दबाया नहीं जा सकता."

DW.COM

संबंधित सामग्री