पाक में बदला कानून, हाफिज सईद पर लगा बैन | दुनिया | DW | 13.02.2018
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दुनिया

पाक में बदला कानून, हाफिज सईद पर लगा बैन

पाकिस्तान ने खामोशी से अपने आतंकवादी विरोधी कानून में बदलाव कर उन लोगों पर बैन लगाने का रास्ता साफ कर दिया है जिन्हें यूएन ने आतंकवादी घोषित कर रखा है. इनमें मुंबई हमलों का संदिग्ध मास्टरमाइंड हाफिज सईद भी शामिल है.

कानून में संशोधन शुक्रवार को राष्ट्रपति मामून हुसैन ने किया, जिसे कानून मंत्रालय ने सोमवार को प्रकाशित किया. एक वरिष्ठ अधिकारी ने एएफपी को बताया, "इस संशोधन का मतलब है कि जो लोग और संस्थाएं संयुक्त राष्ट्र की सूची में शामिल हैं, उन पर पाकिस्तानी कानून के मुताबिक भी प्रतिबंध रहेगा." हालांकि अधिकारी ने यह बताने से इनकार कर दिया कि इस संशोधन के बाद क्या कदम उठाए जा रहे हैं. वहीं विश्लेषक कह रहे हैं कि यह अभी साफ नहीं है कि इस बदलाव की जरूरत क्या थी जब पहले ही पाकिस्तान संयुक्त राष्ट्र का सदस्य है.

यह संशोधन ऐसे समय में किया गया है जब अमेरिका लगातार पाकिस्तान पर दबाव डाल रहा है कि वह हाफिज सईद के खिलाफ कदम उठाए. हाफिज सईद को 2008 में हुए मुंबई हमलों का संदिग्ध मास्टरमाइंड माना जाता है जिनमें 166 लोग मारे गए थे. इनमें छह अमेरिकी भी शामिल थे. हाफिज सईद को पिछले साल नवंबर में लाहौर में रिहा कर दिया गया था. पाकिस्तान का कहना है कि हाफिज सईद के खिलाफ मुकदमा चलाने के लिए पर्याप्त सबूत नहीं है. इसके साथ ही पाकिस्तान चरमपंथियों को आसरा देने के आरोप से भी इनकार करता है.

वहीं व्हाइट हाउस का कहना है कि हाफिज सईद को रिहा किया जाना पाकिस्तान के इन दावों को झूठा साबित करता है कि वह आतंकवादियों की शरणस्थली नहीं बनेगा. सुरक्षा विश्लेषक आमिर राना कहते हैं कि संभवतः पाकिस्तान ने अगले हफ्ते पेरिस में होने जा रही फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (एफएटीएफ) की बैठक के मद्देनजर कानून में बदलाव किया है. एफएटीएफ एक अंतर सरकारी समूह है जिसका मकसद मनी लॉन्डरिंग और आतंकवादियों को मिलने वाली आर्थिक मदद को रोकना है. पर्यवेक्षकों का कहना है कि पाकिस्तान को डर है कि कहीं उसका नाम मनी लॉन्डरिंग एंड टेररिस्ट फाइनेंसिंग लिस्ट में शामिल न कर लिया जाए.

हाफिज सईद अभी जमात उद दावा नाम का एक संगठन चलाता है जिसे आतंकवादी संगठन लश्कर ए तैयबा का मुखौटा माना जाता है. लश्कर ए तैयबा भारतीय कश्मीर में हमले करता है. मुंबई में हुए हमलों के लिए भी उसे ही जिम्मेदार माना जाता है.

हाफिज सईद के सिर पर एक करोड़ अमेरिकी डॉ़लर का इनाम है. लश्कर ए तैयबा के साथ साथ तालिबान और अल कायदा से संपर्क रखने के आरोपों में 2008 में संयुक्त राष्ट्र ने उसे आतंकवादियों की सूची में शामिल किया. जमात उद दावा को भी संयुक्त राष्ट्र ने आतंकवादी संगठन करार देकर प्रतिबंधित किया हुआ है. हालांकि हाफिज सईद मुंबई हमलों में अपना हाथ होने से इनकार करता है.

एके/एमजे (एएफपी)

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