1. Inhalt
  2. Navigation
  3. Weitere Inhalte
  4. Metanavigation
  5. Suche
  6. Choose from 30 Languages

दुनिया

हिंसा के सीधे प्रसारण को रोकेगा फेसबुक

हत्या, बलात्कार और आत्महत्या के सीधे प्रसारण ने फेसबुक लाइव के सामने गंभीर सवाल खड़े किये हैं. लेकिन क्या 3,000 कर्मचारियों की भर्ती फेसबुक को ज्यादा जिम्मेदार बना पाएगी?

सोशल नेटवर्किंग साइट फेसबुक ने 3,000 नये कर्मचारियों की भर्ती का एलान किया है. हत्या, आत्महत्या और बलात्कार की वारदातों के लाइव ब्रॉडकास्ट होने के बाद यह कदम उठाया गया है. कुछ मामलों में तो फेसबुक ने कई घंटों बाद ऐसे वीडियो को हटाया. इसे बड़ी चूक मानते हुए फेसबुक के संस्थापक मार्क जकरबर्ग ने कहा, "हम इन वीडियोज को आसानी से रिपोर्ट करने पर काम कर रहे हैं ताकि जल्द सही कदम उठाया जा सके - चाहे किसी को जल्द मदद की जरूरत हो या फिर ऐसी पोस्ट को हटाना हो."

फेसबुक के कम्युनिटी ऑपरेशन डिविजन में फिलहाल 4,500 लोग काम करते हैं. 3,000 नई भर्तियां आगामी वर्षों में होंगी. जकरबर्ग के मुताबिक नए कर्मचारी आपत्तिजनक कंटेंट को तेजी से हटाने में मदद करेंगे.

फेसबुक लाइव वीडियो का बचाव करते हुए उन्होंने कहा कि इससे आम लोगों को फायदा भी मिल रहा है. आत्महत्या की तैयारी करते एक युवक का जिक्र करते हुए जकरबर्ग ने कहा, "हमने तुरंत कानून व्यवस्था से जुड़े अधिकारियों से संपर्क किया और वे उसे खुद को नुकसान पहुंचाने से रोक पाये. कई दूसरे मामलों में हम इतने भाग्यशाली नहीं रहे."

कंटेंट की निगरानी करना फेसबुक के लिए दुविधा भरा रास्ता है. दो अरब यूजर्स वाली कंपनी खुद को सेंसरशिप की तरह पेश नहीं करना चाहती है. लेकिन नफरत भरी भाषा और हिंसा से जुड़े वीडियो आये दिन फेसबुक पर उभर आते हैं. अब फेसबुक पर शेयर होने वाली फर्जी खबरें भी दुनिया भर में सरकारों और लोगों को चिंतित कर रही हैं. खास इरादों से फेसबुक के जरिये फर्जी खबरें फैलाई जा रही हैं. कई विश्लेषकों के मुताबिक अमेरिका में राष्ट्रपति चुनावों के दौरान ऐसी फर्जी खबरें निर्णायक साबित हुईं.

(फेसबुक पर सबसे ज्यादा फॉलोअर्स वाले नेता​​​​​​​)

ओएसजे/आरपी (एएफपी, डीपीए, रॉयटर्स)

DW.COM

संबंधित सामग्री