1. Inhalt
  2. Navigation
  3. Weitere Inhalte
  4. Metanavigation
  5. Suche
  6. Choose from 30 Languages

दुनिया

सड़क हादसों का रमन फॉर्मूला

मोटरसाइकिल, मोबाइल और गर्लफ्रेंड, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री रमन सिंह का कहना है कि भारत में ज्यादातर सड़क हादसे इसी वजह से हो रहे हैं. जहां रोजाना 300 लोग सड़कों पर मारे जाते हैं, वहां ऐसा बयान गैर जिम्मेदाराना लगता है.

रायपुर में यातायात सुरक्षा सम्मेलन में मुख्यमंत्री ने कहा कि मोटरसाइकिल चलाते हुए फोन पर बात करना और लड़कियों को रिझाने की कोशिश करना युवाओं के लिए खतरनाक है. बीजेपी नेता के मुताबिक ऐसा करने की वजह से युवा घातक सड़क हादसों का शिकार हो रहे हैं.

मुख्यमंत्री ने कहा, "अगर एक अच्छी मोटरसाइकल है, अच्छा मोबाइल फोन है और अच्छी गर्लफ्रेंड है तो हादसे तो होंगे ही."

रमन सिंह के मुताबिक सड़क हादसों में जान गंवाने वालों में 60 फीसदी युवा हैं. छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने कहा, "यह देखना सामान्य है कि युवा दोपहिया चलाते वक्त फोन पर बात करते हैं, अक्सर इसकी वजह से हादसे होते हैं. युवाओं को ऐसी आदत छोड़ देनी चाहिए." मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि लोग मोटरसाइकिल खरीदने पर तो काफी पैसा खर्च करते हैं लेकिन अच्छी क्वालिटी का हेलमेट खरीदने में हिचकिचाते हैं.

Indien Wasser Wasserbehälter in Hyderabad

भारत में बीते साल 1,10,000 लोग सड़क हादसों में मारे गए. औसत निकाला जाए तो भारत में हर दिन 300 से ज्यादा लोग सड़क हादसों में मारे जाते हैं. ये आंकड़े खुद नैशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो के हैं. खराब सड़कें, तेज रफ्तार और गलत ढंग से गाड़ी चलाने की वजह से ज्यादातर हादसे होते हैं.

हर दिन 300 से ज्यादा लोगों को सड़क पर खोने के बावजूद भारत में ट्रैफिक पुलिस और ट्रैफिक नियमों का हाल सबको पता है. ज्यादातर भारतीय राज्यों में आरटीओ ऑफिस दलाली का मुख्य केंद्र बने हुए हैं. ट्रैफिक पुलिस की सख्ती पर अक्सर नेतागिरी भारी पड़ती है. देश में ढंग के ड्राइविंग स्कूल भी नहीं हैं. ट्रैफिक पुलिस के कई नियम अंग्रेजों के जमाने के हैं.

ओएसजे/एमजी (एएफपी)

DW.COM

WWW-Links