1. Inhalt
  2. Navigation
  3. Weitere Inhalte
  4. Metanavigation
  5. Suche
  6. Choose from 30 Languages

खेल

विंबलडन में सूनामी

रोजर फेडरर भी अब लपेटे में आए. फ्रेंच ओपन विजेता रफाएल नाडाल की हार के दो दिन बाद सात बार विंबलडन चैंपियन रहे फेडरर भी सनसनीखे ढंग से ग्रास कोर्ट टूर्नामेंट से बाहर हो गए. मारिया शारापोवा और आंद्रेया पेटकोविच भी हारीं.

पिछले साल के विंबलडन विजेता टाइटलधारी फेडरर यूक्रेन के 116वें सीड वाले सेर्गेई श्टाखोव्स्की से दूसरे ही राउंड में 7-6, 6-7, 5-7, 6-7 से हार गए. हार से दुखी फेडरर ने कहा, "यह निराशाजनक है कि मुझे आज कोई साधन नहीं मिला. यहां हारने में बहुत तकलीफ हो रही है." इतना ही नहीं उन्होंने श्टाखोव्स्की की तारीफ करते हुए स्वीकार किया, "वह निर्णायक रूप से बेहतर था."

31 वर्षीय स्विस खिलाड़ी इससे पहले दस साल पहले फ्रेंच ओपन के शुरुआती दौर में ही बार हुए थे. इस साल विंबलडन इतिहास के तूफानी माहौल ने उन्हें भी अपने घेरे में ले लिया है. फेडरर की हार के बाद डस्टिन ब्राउन की लेटन हेविट पर जीत और मारिया शारापोवा, आंद्रेया पेटकोविच और जूलियन राइस्टर की हार हाशिए पर चली गई.

जीत के बाद श्टाखोव्स्की ने कहा, "मुझे अभी भी विश्वास नहीं हो रहा है. मैंने अपनी जिंदगी का सबसे अच्छा टेनिस खेला. मैं बहुत ही खुश हूं." श्टाखोव्स्की को फेडरर को हराना अपने करियर की सबसे बड़ी जीत को हासिल करने में कुल तीन घंटे लगे.

मंगलवार शाम फेडरर की अप्रत्याशित हार के बाद कंप्यूटर से दूसरे सनसनीखेज आंकड़े बाहर आने लगे, 2002 से विंबलडन में फेडरर की हार, 2005 से 100 से ऊपर सीड वाले खिलाड़ी के हाथों फेडरर की हार मोंटे कार्लो में रिचर्ड गैस्कवे के हाथों और 2002 के बाद चैंपियन की हार, लेटन हेविट की एक साल बाद पहले ही राउंड में इवो कार्लोविच के हाथों.

इन आंकड़ों से ज्यादा फेडरर के समर्थकों को इस बात का सदमा लगा कि उनका हीरो अब टूर्नामेंट में नहीं होगा और 8वीं बार टूर्नामेंट जीतकर विंबलडन का बेताज बादशाह नहीं बन पाएगा. दुनिया के सबसे प्रसिद्ध सेंटर कोर्ट से विदा होते हुए फेडरर ने कहा, "यह बस जादुई है. मैं और मेहनत करूंगा और उम्मीद है मजबूत होकर बाहर आऊंगा."

इससे पहले इस दिन ने पहले ही सनसनी पैदा कर दी थी. इस दिन सात बड़े खिलाड़ी हार कर या घायल होने के कारण टूर्नामेंट से बाहर हुए, जिनमें विश्व वरीयता में दूसरे नंबर वाली विक्टोरिया अजारेंका, नाडाल को हराने वाले स्टीव डारचिस और पांचवें सीड वाले जो विलफ्रीड सोंगा भी शामिल थे. किसी भी ग्रैंड स्लैम में एक दिन में इतने महत्वपूर्ण खिलाड़ी बाहर नहीं हुए हैं.

और उसके बाद विश्व वरीयता में तीसरे नंबर वाली शारापोवा और जर्मनी की आंद्रेया पेटकोविच भी विंबलडन से बाहर हो गईं. शारापोवा को पुर्तगाल की क्वालिफायर मिषेल लार्चर ने 6-3, 6-4 ने हराया तो पेटकोविच को 17वीं सीड वाली स्लोआने श्टेफेंस ने 6-7,6-2,6-8 से मात दी.

एमजे/आईबी (डीपीए)

DW.COM