वर्ल्ड कप के खिलाफ 10 लाख सड़कों पर | खेल | DW | 21.06.2013
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खेल

वर्ल्ड कप के खिलाफ 10 लाख सड़कों पर

ब्राजील में फुटबॉल वर्ल्ड कप के खिलाफ करीब 10 लाख लोग सड़कों पर विरोध प्रदर्शन के लिए उतरे, वह देश में फैले भ्रष्टाचार और खराब सार्वजिनक यातायात से नाराज हैं. 80 शहरों में लोग विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं.

सबसे बड़ा प्रदर्शन रियो दे जनेरो में गुरुवार को हुआ. जहां तीन लाख लोग विरोध प्रदर्शन के लिए आए. एक ही दिन पहले शहर के मेयर ने लोगों की मांग मानते हुए सार्वजनिक यातायात का किराया कम करने की घोषणा की.

रियो का प्रदर्शन शुरू तो शांति से हुआ, लेकिन फिर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच मुठभेड़ हुई. भीड़ को तितर बितर करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे. जबकि प्रदर्शनकारियों ने पत्थर फेंके. इस हिंसा में 30 लोग घायल हो गए.

लोगों में गुस्सा

ब्राजील की राजधानी ब्राजिलिया में भी विरोध प्रदर्शन शुरू हुए. यहां करीब 20 हजार लोगों ने कांग्रेस के सामने विरोध प्रदर्शन किया. भीड़ को संसद की इमारत में चढ़ने से रोकने के लिए पुलिस ने बैरिकेड लगाए. सोमवार को विरोध प्रदर्शनकारी विदेश मंत्रालय की इमारत में घुस गए थे.

ब्राजील के सबसे बड़े शहर और बिजनेस हब साओ पाओलो में एक लाख दस हजार लोगों ने मार्च किया. एक कार के प्रदर्शनकारियों की भीड़ में घुस जाने के कारण एक व्यक्ति की मौत हो गई. शहर में बस और ट्रेनों का किराया बढ़ा दिया गया है जिसके कारण लोगों में गुस्सा फैला हुआ है.

तेज सूचनाओं और सोशल नेटवर्किंग के कारण देश भर में विरोध प्रदर्शनों की बाढ़ आ गई है.

जापान दौरा रद्द

ब्राजील की राष्ट्रपति डिल्मा रुसेफ ने जापान दौरा रद्द कर दिया है. वह 26 से 28 जून को जापान यात्रा पर जाने वाली थीं.

सप्ताह की शुरुआत में उन्होंने कहा कि विरोध प्रदर्शनकारियों का संदेश समाज और नेताओं तक और साथ ही सरकार के सभी धड़ों तक पहुंच गया है. लेकिन अभी तक इस पर कोई कार्रवाई नहीं हो सकी है.

वैसे तो ब्राजील में बसों और ट्रेनों का किराया बढ़ने के कारण विरोध प्रदर्शन बढ़ें हैं, लेकिन इनके कारण एक बार फिर वहां की सामाजिक समस्याओं पर ध्यान केंद्रित हुआ है. 2014 में ब्राजील में वर्ल्ड कप होना है. अभी तक इसमें करीब 7.5 अरब यूरो खर्च हो चुके हैं. जनता का मानना है कि इस पैसे को कहीं और अच्छे से इस्तेमाल किया जा सकता था.

एएम/आईबी (एएफपी, डीपीए, एपी)

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