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दुनिया

यूक्रेन को ईयू का सहयोग

यूक्रेन के पूर्व राष्ट्रपति यानुकोविच को जनसंहार के आरोप पर गिरफ्तार करने की कोशिश की जा रही है. इस बीच यूरोपीय संघ की विदेश आयुक्त कीव पहुंची हैं और यूक्रेन को आर्थिक मदद देने का वादा किया है.

कीव में करीब तीन महीनों से चल रहे प्रदर्शनों और उनमें हुई हिंसा में लगभग 100 लोग मारे गए हैं. पश्चिमी देशों ने इस बीच यूक्रेन में लोकतांत्रिक तरीके से चुने जाने वाले नए राष्ट्रपति को अपना समर्थन देने का वादा किया है.

राजनीतिक अस्थिरता

सोमवार को बनी अंतरिम सरकार के प्रतिनिधियों ने यानुकोविच सहित 50 अन्य अधिकारियों को प्रदर्शनकारियों की मौत का जिम्मेदार ठहराया है. अंतरिम गृह मंत्री आर्सेन आवाकोव ने कहा, "आम लोगों के जनसंहार के आरोप को देखते हुए एक मामला दर्ज किया गया है. यानुकोविच सहित और अधिकारियों को वांटेड लिस्ट में शामिल किया गया है." आवाकोव ने बताया कि यानुकोविच पूर्वी शहर डोनेट्स्क से होते हुए देश से बाहर निकलना चाहते थे.

हाल के प्रदर्शनों ने यूक्रेन की आर्थिक हालत और तंग कर दी है. चार करोड़ साठ लाख की आबादी वाला देश अब पूर्वी और पश्चिमी हिस्सों में बंटता दिख रहा है. पश्चिमी हिस्सा यूरोपीय संघ के समर्थन में है, जबकि पूर्वी हिस्सा रूस के साथ है. यूक्रेन के अंतरिम राष्ट्रपति ओलेक्सांद्र तुर्चनोव ने रूस को चेतावनी दी है कि वह यूक्रेन के पश्चिम को समर्थन का सम्मान करे और वह यूक्रेन में "जनता की सरकार" स्थापित करेंगे. तुर्चनोव जेल में रहीं राष्ट्रपति यूलिया टिमोशेंको के करीबी माने जाते हैं. टिमोशेंको को पिछले हफ्ते जेल से रिहा कर दिया गया लेकिन उन्होंने खुद राष्ट्रपति चुनावों में खड़े होने का एलान नहीं किया है.

बिगड़ती आर्थिक हालत

इस बीच यूरोप, अमेरिका और अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष के प्रमुख यूक्रेन को बचाने के तरीके ढूंढ रहे हैं. रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने हाल में यानुकोविच को 15 अरब डॉलर की मदद राशि का वादा किया था लेकिन अब ये मदद रोक दी गई है. अंतरिम राष्ट्रपति तुर्चनोव ने बताया है कि कीव के पास इस साल 13 अरब यूरो का उधार वापस लौटाने का कोई जरिया नहीं है. लंदन में कैपिटल इकोनॉमिक्स कंसल्टेंसी का मानना है कि यूक्रेन को अगले साल तक काम चलाने के लिए 20 अरब डॉलर की जरूरत होगी.

यूक्रेन के अंतरिम वित्त मंत्री यूरी कोलोबोव ने कहा है कि यूक्रेन को आयोजित मदद की राशि 35 अरब यूरो तक जा सकती है. उन्होंने एक अंतरराष्ट्रीय डोनर बैठक की अपील की है ताकि देश दिवालिया होने से बच जाए. यूक्रेन को डर इसलिए भी है क्योंकि मॉस्को ने दिसंबर में उसे तीन अरब डॉलर दिए थे लेकिन अब वह और मदद देने से रुक सकता है. विश्लेषकों का कहना है कि रूस आने वाले दिनों में गैस सप्लाई भी बंद कर सकता है, जिस वजह से ईंधन के दाम यूक्रेन में अभी से बढ़ गए हैं.

उधर रूस ने यूक्रेन में घटनाओं को "हथियारबंद गदर" बताया है. प्रधानमंत्री दिमित्री मेद्वेदेव ने कहा, "इस वक्त काम कर रही सत्ता के कई धड़ों की वैधता पर सवाल उठ रहे हैं. हमारे कुछ विदेशी, पश्चिमी पार्टनर अलग सोचते हैं. यह एक गलती है." मेद्वेदेव यूरोपीय संघ की ओर संकेत कर रहे हैं लेकिन अमेरिका ने भी यूक्रेन की अंतरिम सरकार को मान्यता नहीं दी है. वाइट हाउस के प्रवक्ता जे कार्नी ने कहा कि यानुकोविच इस वक्त देश की अगुवाई नहीं कर रहे. अमेरिका ने जल्द चुनाव कराने के लिए एक कार्यकारी सरकार स्थापित करने की मांग की है.

एमजी/एएम(एएफपी, डीपीए)

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