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मनोरंजन

बॉलीवुड में सिब्बल की शायरी

टीवी पर सरकार की और अदालत में मुवक्किल की पैरवी करते कपिल सिब्बल के तेवर बड़े तीखे लगते हैं. इस उग्र छवि के पीछे कहीं नरम दिल भी है जिसका अहसास हिंदी फिल्म के लिए लिखे गाने में मिला है.

"रूमानी आंखें, शर्माती तारीफ, खामोशी से प्यार का इकरार" जैसे अहसासों से भरे कपिल सिब्बल के गीतों में भावनाओं का सागर है. अभिनेता निर्देशक आदित्य ओम की नई फिल्म बंदूक के लिए संचार मंत्री कपिल सिब्बल ने चार गाने लिखे हैं. आदित्य ओम ने बताया कि सिब्बल का लिखा रूमानी गीत, "दो प्रेमियों के विरह की वेदना को बयान करता है."

कपिल सिब्बल की साहित्यिक समझ बूझ ने आदित्य ओम को काफी प्रभावित किया है. आदित्य ने कहा, "साहित्य की भरपूर जानकारी ने उन्हें खूबसूरत प्रेम से भरे गीतों को रचने के काबिल बनाया है." बंदूक इसी महीने पर्दे पर उतर रही है.

उभरते निर्देशक आदित्य ओम इस फिल्म के जरिए सिनेमा की मुख्यधारा में शामिल होने की तैयारी में हैं. फिल्म में उत्तर भारत में लंबे समय से फलती फूलती आ रही बंदूक संस्कृति के साथ ही राजनीति और अपराध के गठजोड़ का खाका खींचने की कोशिश की गई है. आदित्य ओम ने कपिल सिब्बल की तारीफ करते हुए कहा, "वास्तव में मैं उनकी इस भारी विषय के बारे में जानकारी की तारीफ करना चाहूंगा जो मेरी फिल्म में दिखाई गई है. इस बात ने उन्हें किसी और की तुलना में इस फिल्म की तरफ ज्यादा आकर्षित किया."

64 साल के कपिल सिब्बल के नाम दो कविता संग्रह पहले से ही हैं. इनमें उन्होंने कविताओं को राजनीति से जोड़ा है. बड़े वकील और राजनेता कपिल सिब्बल ने एक भारतीय अखबार से बताया कि वह विमान यात्रा के दौरान आईपैड पर कविताएं लिखते हैं. उन्होंने यह भी बताया कि फिल्मों के लिए गीत जिन दिनों लिखे गए उस दौरान वह काफी व्यस्त थे. बंदूक का गीत रिंगटोन के रूप में बाजार में आ चुका है हालांकि कपिल सिब्बल के पास यह अभी तक नहीं पहुंचा.

पिछले दिनों अभिव्यक्ति की आजादी के सिपाहियों ने कपिल सिब्बल को काफी भला बुरा कहा. संचार मंत्री के रूप में सिब्बल ने 2009 के आईटी एक्ट में संशोधन करा कर इंटरनेट पर "ज्यादा भड़काऊ" सामग्री डालने को गैरकानूनी करवा दिया. हैकरों ने नवंबर में उनकी वेबसाइट पर हमला किया और इस कानून के खिलाफ अपना विरोध जताया.

एनआर/एजेए (एएफपी)

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