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दुनिया

पोर्नोग्राफी से 386 बच्चे मुक्त

कनाडा के एक बाल पोर्नोग्राफी वेबसाइट पर पड़े छापे में पुलिस ने 341 लोगों को गिरफ्तार किया है. कई देशों में जांच के दौरान पुलिस ने सैकड़ों बच्चे शोषकों के कब्जे से छुड़ाए.

गिरफ्तार लोगों में छह न्याय अधिकारी, नौ धार्मिक नेता, 40 स्कूल टीचर, बच्चों को गोद लेने वाले तीन व्यक्ति, 32 बाल कल्याण कार्यकर्ता और नौ डॉक्टर और नर्स शामिल हैं. टोरंटो पुलिस यौन अपराध शाखा की प्रमुख जोऐना बीवन देजार्दीन ने एक संवाददाता में बताया कि पुलिस के अधिकारियों ने भेष बदलकर 2010 अक्टूबर में एक व्यक्ति से संपर्क किया जो बहुत ही कम उम्र के बच्चों के यौन शोषण की तस्वीरें बांट रहा था. उसके इंटरनेट कनेक्शन से टोरंटो में एक घर का पता लगा.

जांच के दौरान एक ऐसी कंपनी सामने आई जो बच्चों के शोषण के वीडियो और तस्वीरें इंटरनेट पर बेच रही है. कंपनी एक वेबसाइट चलाती है जहां दुनिया भर से ग्राहक फिल्मों के लिए अपने ऑर्डर भेजते हैं और फिल्में उनके घर पर डाक या इंटरनेट के जरिए आ जाती हैं. पुलिस ने फिर संदिग्ध व्यक्ति के घर और कंपनी पर छापा मारा और फिर उसपर बाल पोर्नोग्राफी बेचने वाली वेबसाइट चलाने के आरोप लगे. पुलिस का कहना है कि इस व्यक्ति ने बच्चों के वीडियो हासिल करने के लिए कई लोगों को पैसे दिए. अपनी कंपनी के जरिए उसने करीब 28 लाख यूरो कमाए.

बच्चों के अश्लील वीडियो

कनाडा के अधिकारियों के मुताबिक संदिग्ध व्यापारी के घर में 45 टेराबाइट डाटा मिली है जिसमें दुनिया भर के बच्चों के साथ यौन शोषण के "बर्बर" वीडियो हैं. कई वीडियो में पांच साल के उम्र के बच्चों का भी इस्तेमाल किया गया है. यह जानकारी हासिल करने के बाद पुलिस ने वेबसाइट के ग्राहकों का पता लगाया. अमेरिकी सरकार की डाक जांच सेवा, स्वीडन, हांगकांग और दक्षिण अफ्रीका जैसे देशों के अधिकारियों ने भी जांच में पूरी मदद की.

अमेरिका के वाशिंगटन राज्य में एक बेसबॉल कोच को गिरफ्तार किया गया है जिसने 500 से ज्यादा बच्चों के वीडियो बनाए. जॉर्जिया में एक स्कूल कर्मचारी ने बच्चों के टॉयलेट में कैमरे लगाए और बच्चों के यौन अंगों की तस्वीरें लेने की कोशिश की. ऑस्ट्रेलिया की पुलिस ने भी अपने देश में 25 से लेकर 72 साल के उम्र के बीच बाल पोर्नोग्राफी खरीदने वाले लोगों को गिरफ्तार किया है. इस दौरान इन देशों में सैकड़ों बच्चों को शोषण से आजाद किया जा सका है. नॉर्वे के पुलिस प्रवक्ता ब्योर्न एरिक लुडविगसेन ने कहा, "इस जांच से पता चलता है कि दुनिया भर की पुलिस किस तरह से मिल जुल कर काम करती है."

एमजी/एनआर(एपी, एएफपी)

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