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दुनिया

पिस्टोरियस पर फैसले से बंटा दक्षिण अफ्रीका

पैरालंपिक खिलाड़ी ऑस्कर पिस्टोरियस गैर इरादतन हत्या के दोषी पाए गए हैं. फैसला सुनाते हुए जज ने कहा गैर इरादतन हत्या अनजाने में हुई लेकिन यह गैरकानूनी है. ऑस्कर को कितनी सजा मिलेगी इस पर फैसला आना बाकी है.

"ऑस्कर को जेल जाना चाहिए. उसने जो किया है वह गलत है. अगर आप गलत है तो इसके लिए आपको सजा मिलनी चाहिए ताकि आप यह सीख सकें कि गलत तो गलत है और जो सही वह सही है." कोर्ट के बाहर खड़ी महिलाओं में से एक केनसनी मुतेले ने डीडब्ल्यू से बातचीत में यह बातें कहीं. वह पिस्टोरियस को कड़ी सजा देने का समर्थन कर रही थी. लोकतांत्रिक दक्षिण अफ्रीका में ऑस्कर पिस्टोरियस की सुनवाई का खूब प्रचार हो रहा है. पैरालंपिक धावक ऑस्कर पिस्टोरियस जिन्हें ब्लेड रनर के नाम से भी जाना जाता है, पूर्वनियोजित हत्या के दोषी नहीं पाए गए थे. जज थोकोसिले मासिपा ने कहा हालांकि पिस्टोरियस अपनी गर्लफ्रेंड रीवा स्टीनकैंप को मारने का कोई इरादा नहीं रखते थे, वह अन्य कम घातक विकल्पों पर विचार किए बिना गोली चलाने के मामले में लापरवाह थे. एलिजाबेथ थाबेटे जज मासिपा के फैसले पर अपनी निराशा छिपा नहीं सकीं, उन्होंने कहा, "अब हम महिलाओं का क्या करना चाहिए? पुरुषों की वजह से हमें क्या करना चाहिए. पुरुष महिलाओं की हत्या करते हैं. जिस पुरुष ने महिला की हत्या की है उसे जेल में सड़ना चाहिए."

सबूत का बोझ

जज मासिपा ने अपने फैसले में कहा था कि अभियोजन पक्ष ये साबित करने में विफल रहा कि पिस्टोरियस ने हत्या की पूर्वनियोजित साजिश की थी. जज ने कहा, "प्रशासन तर्कसंगत संदेह से परे यह साबित नहीं कर सका कि आरोपी ने सुनियोजित हत्या की है. इस तरह के फैसले पर पहुंचने के लिए जरूरी सबूत नहीं हैं." सुनवाई के दौरान जज मासिपा ने यह माना था कि पिस्टोरियस एक कमजोर गवाह थे जो खुद का ही खंडन कर रहे थे. पिस्टोरियस की समर्थक लीना वॉन ब्रांडिस ने कहा कि हत्या के आरोप पर जज का फैसला एक अच्छी खबर थी. वह कहती हैं, "मुझे लगता है कि वह बेगुनाह हैं और दोषी नहीं हैं. वह हमेशा से मेरे हीरो रहे हैं और मुझे विश्वास है कि वह बेगुनाह हैं. मेरी इच्छा है कि उन्हें शांत हो जाना चाहिए. तनाव नहीं लेना चाहिए, भगवान उनके साथ हैं." वकील डेविड डाडिक कहते हैं उन्हें उम्मीद है कि अभियोजन पक्ष इस फैसले के खिलाफ अपील करेगा. डेविड कहते हैं, "कानून के कई जानकार और मुझे लगता है कि सरकारी वकील इस फैसले के खिलाफ अपील कर सकते हैं."

जज ने अभियोजन पक्ष के ज्यादातर गवाहों के साक्ष्य को यह कहते हुए खारिज कर दिया कि यह काफी हद तक अटकलें थी, क्योंकि वारदात के समय कोई मौजूद नहीं था. जज ने यह भी कहा कि जो टेक्स्ट मैसेज यह बताते हैं कि रीवा और पिस्टोरियस के बीच झगड़े हुए थे वह कोर्ट के लिए मददगार साबित नहीं हुए. जज ने कहा, "दोनों के बीच प्रेम संबंध या प्रेमी जोड़े के बीच झगड़े के साक्ष्य मौजूद नहीं है जिससे यह साबित हो सकें कि पिस्टोरियस ने जानबूझकर उसकी हत्या की है. पिस्टोरियस को यही लगा था कि रीवा बेडरूम में है और कोई घुसपैठिया अंदर घुस आया है." हालांकि जज मासिपा ने कहा पिस्टोरियस ने विवेकशील शख्स की तरह व्यवहार नहीं किया जब उन्होंने बंद टॉयलेट में छिपे शख्स पर चार गोलियां चलाई. उन्हें पुलिस या फिर सुरक्षाकर्मियों को मदद के लिए बुलाना चाहिए था या फिर मदद के लिए आवाज देनी चाहिए थी.

रिपोर्ट: थूसो खुमालो, जोहैनसबर्ग/ एए

संपादन: आभा मोंढे

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