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दुनिया

परीक्षा से पहले छात्रा से उतरवाये गये अंडरगार्मेंट

केरल में परीक्षा देने पहुंची एक लड़की से ब्रा उतारने के लिये कहा गया. छात्रा ने स्कूल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुये कहा है कि परीक्षा के पहले जांच के नाम पर उससे अंडरगार्मेंट उतारने के लिये कहा गया.

मीडिया से बातचीत में उसने बताया कि जब वह सिक्युरिटी जांच के लिए मेटल डिटेक्टर के पास पहुंची तो उसमें से बीप बजने लगी. छात्रा ने एनडीटीवी को बातचीत में बताया "उस वक्त मुझसे कहा गया कि मैं अंडरगार्मेंट उतारे बिना परीक्षा केंद्र में नहीं जा सकती क्योंकि ब्रा का हुक मेटल का बना है, तब मैंने अपनी ब्रा उतारी और अपनी मां को दी जो मेरा बाहर इंतजार कर रही थीं."

पिछले कुछ समय सें मेडिकल कॉलेजों के लिये होने वाली इन प्रवेश परीक्षाओं में नकल रोकने के लिए बहुत अधिक सतर्कता बरती जा रही है. इसके चलते प्रशासन की ओर से ड्रेस कोड भी जारी किये जाते हैं लेकिन इस बार जारी सूची में ब्रा प्रतिबंधित नहीं थी. जिन चीजों पर प्रतिबंध लगाया गया था उनमें गहरे रंग के कपड़े, लंबी बाजू, ब्रोच. बैज, बंद जूते और जुराब शामिल थीं. टाइम्स ऑफ इंडिया ने लड़की के हवाले से लिखा है "इस घटना ने मेरे आत्मविश्वास को तोड़ कर रख दिया, क्योंकि सबके सामने मुझे ब्रा उतारने के लिये कहा गया." 

एक अन्य छात्रा के पिता ने बताया कि जींस का बटन मेटल से बने होने के कारण मेटल डिटेक्टर में बीप बजी और उनकी बेटी को भी बटन हटाने के लिये कहा गया. एनडीटीवी से बातचीत में इस छात्रा के पिता ने बताया कि "मेरी बेटी मेरे पास आई और उसने बताया कि जींस का बटन भी आपत्तिजनक वस्तुओं में शामिल हैं इसलिये ऐसा सुनकर मैंने तुरंत बटन हटा दिया. उसके बाद मैं परीक्षा केंद्र से तीन किमी की दूरी पर स्थित एक दुकान गया और अपनी बेटी के लिये नये कपड़े खरीद कर लाया."

जिस स्कूल में यह घटना हुई वहां की प्रिसिंपल ने बताया कि उन्हें अंडरगार्मेंट उतरवाये जाने जैसी किसी घटना के बारे में जानकारी नहीं है लेकिन उन्होंने माना कि स्कूल प्रशासन नकल के खिलाफ पूरी सख्ती बरत रहा है. एनडीटीवी से बातचीत में जलालुद्दीन के. ने कहा कि "हमें स्पष्ट निर्देश हैं कि अगर मेटल डिटेक्टर से किसी भी तरह की आवाज आये तो अंदर जाने की इजाजत ना दी जाए. इसलिये जब भी आवाज आई तो हमने छात्रों से उन वस्तुओं को निकालने के लिये कहा."

एए/एमजे (एएफपी)

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