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मंथन

दुनिया के मंहगे घोड़ों का क्लीनिक

करोड़ों डॉलर की रेस जीतने वाले घोड़ों का ख्याल दुनिया के कुछ चुनिंदा डॉक्टर रखते हैं. जर्मनी में ऐसे मंहगे घोड़ों वाला मशहूर क्लीनिक है.

रफ्तार, ताकत, खूबसूरती और समझदारी....घोड़े इन सभी का संगम हैं. भरोसे पर खरा उतरने का गुण उन्हें कीमती बनाता है. यान-हाइन स्वागेमाकर्स जाने माने पशु चिकित्सक हैं और ओलंपिक खेलों में भाग लेने वाले जर्मन घोड़ों के डॉक्टर हैं. अपनी क्लीनिक में वे ओलंपिक खिलाड़ियों के घोड़ों का इलाज करते हैं. पहली डायग्नोसिस में उनका अनुभव काम आता है, घोड़े को देखकर, छूकर उन्हें महसूस होता है कि दर्द कहां हो रहा होगा.
लेकिन इलाज शुरू करने से पहले सही सही जांच आधुनिक तकनीकों की मदद से होती है. आम तौर पर इंसानी डायग्नोसिस में इस्तेमाल होने वाली एमआरआई मशीन घोड़ों के लिए भी इस्तेमाल होती है. वह घोड़ों के शरीर के अंदर की तस्वीरें उपलब्ध कराती है जिससे डॉक्टर के डायग्नोसिस की पुष्टि होती है.

DW Shift HorseAnalytics (APTN)

अत्याधुनिक तकनीक की मदद से घोड़ों का इलाज

डॉ. यान-हाइन स्वागेमाकर्स घोड़ों की तकलीफ समझते हैं, "घोड़े मुंह से नहीं बोलते, वे शरीर से बोलते हैं. शरीर की भाषा को समझना एक कला है. यदि घोड़ा तीन पैर पर चल रहा हो तो तुरंत पता चल जाता है कि दर्द कहां है. लेकिन यदि वह हल्का सा लंगड़ा रहा हो या घुड़सवार को लगे कि वह पहले जैसा प्रदर्शन नहीं कर रहा है, तब ये जानना सचमुच चुनौती होती है कि तकलीफ कहां है."

डॉक्टर के पास एक युवा घोड़ा लाया गया है. वह ड्रेसेज घुड़सवारी की उम्मीद है, लेकिन उसके घुटनों में तकलीफ है. सिर्फ ऑपरेशन से ही उसका इलाज संभव है ताकि भविष्य में जीत की कोई संभावना बन सके. वेटेनरी डॉक्टर को उसके घुटने से हड्डी का एक टुकड़ा अलग करना होगा. इस तरह के ऑपरेशन सिर्फ स्पेशल क्लीनिक में किए जाते हैं. अगर ऑपरेशन में थोड़ी भी चूक हो जाए तो घोड़े का खेल करियर खत्म हो सकता है.

Deutschland Chio Aachen (imago/Eibner)

घोड़ा फिट होगा तो ही बेहतर नतीजा मिलेगा

तीन साल के घोड़े को ऑपरेशन से पहले जनरल एनिस्थीसिया दिया जाता है. ऑपरेशन के दौरान उसे कृत्रिम रूप से सांस दी जाएगी. इंसानों की ही तरह वेटेनरी डॉक्टर भी मिनिमल इनवेसिव तरीके से ऑपरेशन करते हैं, यानि घुटने के अंदर एंडोस्कोप डालकर. एक बहुत ही जटिल और महंगा ऑपरेशन. लेकिन बहुत से मालिकों के लिए इसमें पैसे की कोई भूमिका नहीं होती.

डॉ. यान-हाइन स्वागेमाकर्स कहते हैं, "घोड़ों के बहुत से मालिक थेरेपी करवाते हैं क्योंकि उन्हें घोड़ों से प्यार होता है और वे चाहते हैं कि वे जल्द से जल्द स्वस्थ हों."

लुशे का वेटेनरी क्लीनिक कोई ऐसा वैसा क्लीनिक नहीं है. दुनिया भर के लोग यहां घोड़ों के इलाज के लिए आते हैं. अत्याधुनिक तरीकों की मदद से यहां इंसान के सबसे भरोसेमंद साथियों में शामिल घोड़ों को फिर से नई रफ्तार दी जाती है.

(घोड़ों के दीवाने)

 

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