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जर्मन चुनाव

दिल्ली सहित अहम जगहों पर वोटिंग

भारतीय संसद की लगभग 20 फीसदी सीटों के लिए आज वोटिंग हो रही है. राजधानी दिल्ली और सबसे बड़े राज्य उत्तर प्रदेश में मतदान के साथ ही चुनाव की गर्मी बढ़ गई है.

दिल्ली की सात सीटों पर बीजेपी और कांग्रेस के अलावा आम आदमी पार्टी के उम्मीदवारों की भी चर्चा चल रही है. जबकि उत्तर प्रदेश की जनता को तय करना है कि वे परंपरागत रूप से स्थानीय पार्टियों बीएसपी और एसपी को चुनेंगे या इस बार वे बीजेपी के लिए वोट करेंगे.

भ्रष्टाचार विरोधी आम आदमी पार्टी के लिहाज से यह चरण सबसे संजीदा है. सिर्फ 18 महीने पुरानी पार्टी ने पिछले साल दिल्ली विधान सभा चुनाव में शानदार कामयाबी हासिल की और सत्ता तक पहुंची. लेकिन अरविंद केजरीवाल की सरकार ने सिर्फ 49 दिनों में इस्तीफा दे दिया. पार्टी ने पूरे भारत में करीब 400 सीटों पर अपने उम्मीदवार खड़े किए हैं.

यह चरण खास तौर पर बीजेपी के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी के लिए बेहद अहम है, जिन्होंने पहली बार सार्वजनिक तौर पर माना है कि वह शादी शुदा हैं. उन्होंने वडोदरा में नामांकन भरते समय बताया कि उनकी शादी यशोदाबेन नाम की महिला से हुई थी. हालांकि इससे ज्यादा जानकारी उन्होंने नहीं दी है. हालांकि भारतीय मीडिया लंबे समय से इसकी रिपोर्टिंग करता रहा है और हाल में एक अखबार ने यशोदाबेन का इंटरव्यू भी छापा था.

मोदी की पहचान कट्टर हिन्दू नेता की है, जिन पर आरोप है कि गुजरात दंगों के दौरान उन्होंने अपना कर्तव्य ठीक ढंग से नहीं निभाया. लेकिन इस बार वह हिन्दुत्व के मुद्दे को पीछे छोड़ कर विकास की बात कर रहे हैं और भारत के कई मतदाता उनसे प्रभावित बताए जा रहे हैं.

दिल्ली के 79 साल के दुकानदार केदारनाथ अग्रवाल का कहना है कि 50 साल में पहली बार वह कांग्रेस के अलावा किसी दूसरी पार्टी को वोट देंगे, "मेरी उम्मीद मोदी से है, जो असली नेता हैं. वह मजबूत और फैसले लेने वाले नेता हैं."

आबादी के लिहाज से भारत का सबसे बड़ा राज्य उत्तर प्रदेश हर बार की तरह इस बार भी लोकसभा चुनाव में सबसे अहम भूमिका निभाएगा. देश की 543 सीटों में से 80 यूपी में हैं, जहां पिछले साल मुजफ्फरनगर में सांप्रदायिक दंगे हुए थे. इसके बाद सांप्रदायिक तौर पर उत्तर प्रदेश में लामबंदी तेज हुई है. दंगों के बाद से एक शिविर में रह रही 35 साल की अदीसा खातून का कहना है, "मैं खुदकुशी कर लूंगी. अपने बच्चों को मार दूंगी लेकिन मोदी को वोट नहीं दूंगी."

बीजेपी ने इलाके से दो ऐसे प्रत्याशियों को उतारा है, जिन पर दंगे भड़काने के आरोप हैं. इसके बाद से करीब 50,000 लोग बेघर हैं.

एजेए/एमजी (एएफपी)

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