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खेल

ट्वीट के लिए हजारों का जुर्माना

ट्विटर अपनी राय जाहिर करने का अच्छा जरिया है लेकिन दूसरे के अधिकारों का ख्याल न रखना मुश्किल में डाल सकता है. लिवरपूल के फॉरवर्ड सूसो पर अपने साथी को समलैंगिक बताने के लिए 10,000 पाउंड का जुर्माना किया गया है.

सूसो ने पिछले महीने माइक्रो ब्लागिंग साइट पर अपनी टीम के डिफेंडर होजे एनरीके की तस्वीर डाली थी जिसमें वे अपने दांतों की चमक करवा रहे हैं. साथ ही यह टिप्पणी भी की, "वह क्या कर रहा है. यह बंदा गे है... वह फुटबॉल खेलने के अलावा सब कुछ करता है." इसका भारी विरोध हुआ था. बाद में सूसो ने ट्वीट डिलीट कर दिया, लेकिन उसी फोटो को फिर से ट्विटर पर डाला और टिप्पणी की, "पता नहीं कि क्या कहूं."

फुटबॉल संघ एफए ने काफी सख्त रवैया अपनाया है. इस साल की शुरुआत में एशली कोल पर 90,000 पाउंड का जुर्माना किया गया था. चेल्सी और इंग्लैंड की टीम के स्टार ने ट्विटर पर जॉन टेरी की नस्लवादी टिप्पणी वाले मामले में गवर्निंग बॉडी के बारे में आलोचनात्मक टिप्पणी की थी. इस बार भी फुटबॉल संघ ने 19 वर्षीय सूसो की टिप्पणी को गलत माना है और उसे चेतावनी दी है.

एफए ने अपने बयान में कहा है, "एक स्वतंत्र नियामक आयोग की सुनवाई के बाद लिवरपूल के खेसुस फर्नांडिस सेज (सूसो) पर 10,000 पाउंड का जुर्माना किया गया है और ट्विटर पर पोस्ट की गई टिप्पणी के लिए भावी व्यवहार पर चेतावनी दी गई है."

बयान में कहा गया है, "आरोप, जिसे खिलाड़ी ने मान लिया है और कागजी सुनवाई का आग्रह किया था, यह था कि उनका व्यवहार अनुचित था, जिसने खेल को बदनाम किया. टिप्पणी को ट्विटर पर डाला गया था और उसमें एक शख्स के यौन रुझानों का संकेत था."

जुर्माने की घोषणा के कुछ ही घंटे के बाद एनरीके ने ट्वीट कर एफए के फैसले की आलोचना की है और कहा है कि सूसो की टिप्पणी दोस्तों के बीच अच्छे व्यवहार वाले आदान प्रदान पर लक्षित थी. स्पेन के खिलाड़ी एनरीके ने लिखा, "यह अद्भुत है कि एफए मजाकिया मामले के लिए मेरे दोस्त सूसो को फाइन कर रही है. क्या मजाक है!!!"

ऐशली कोल को सुनवाई के दौरान उनकी गवाही पर शक करने के लिए एफए की आलोचना के लिए सजा दी थी. कोल फर्डिनांड पर नस्लवादी टिप्पणी के मामले में अपनी टीम के साथी टेरी का साथ दे रहे थे. टेरी पर चार मैचों का प्रतिबंध लगाया गया था और 2,20,000 पाउंड का जुर्माना किया गया.

एमजे/ओएसजे (एएफपी)

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