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दुनिया

जांबाज बहनों ने की मनचलों की पिटाई

हरियाणा के मुख्यमंत्री ने मनचलों की धुनाई करने वाली सोनीपत की दो बहनों को आगामी गणतंत्र दिवस पर नकद पुरस्कार से सम्मानित करने की घोषणा की है. इन बहनों ने छेड़छाड़ कर रहे मनचलों की चलती बस में बेल्ट से पिटाई कर दी.

हरियाणा की रहने वाली पूजा और आरती रोहतक के आईसी कॉलेज की बीसीए फाइनल की छात्राएं हैं. 24 नवंबर को वे बस से घर जा रही थीं. तभी रास्ते में तीन मनचलों ने उनके साथ छेड़खानी शुरू कर दी जो रोहतक बस अड्डे से ही उनके साथ बस में चढ़े थे. विरोध करने पर लड़के मारपीट पर उतारू हो गए. इस पर दोनों बहनों ने हिम्मत का परिचय देते हुए लड़कों की ऐसी धुनाई की कि तीनों भाग खड़े हुए. मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने राज्य के पुलिस महानिदेशक और परिवहन विभाग को निर्देश दिए हैं कि हरियाणा रोडवेज की बसों में यात्रा करने वाले सभी यात्रियों विशेषकर महिलाओें की सुरक्षा के लिए खास कदम उठाए जाएं. बसों के चालकों और परिचालकों को भी ऐसी घटनाएं रोकने के निर्देश दिए गए हैं.

वायरल हुआ वीडियो

इस बीच बस के ड्राइवर और कंडक्टर को हरियाणा सरकार ने छेड़खानी रोकने में नाकाम रहने पर निलंबित कर दिया है. अंग्रेजी समाचार चैनल टाइम्स नाउ से बात करते हुए दोनों बहनों ने कहा कि राज्य में खाप पंचायत पर प्रतिबंध लगा देना चाहिए. रविवार को छेड़छाड़ कर रहे युवकों की पिटाई का वीडियो वायरल हो गया था. सोशल मीडिया से लेकर अखबारों और चैनलों पर इसकी खूब चर्चा हो रही है. सबसे चौंकाने वाली बात ये है कि इस छेड़खानी और पिटाई की घटना के दौरान कोई भी यात्री इन बहनों की मदद के लिए आगे नहीं आया. इस वीडियो को एक गर्भवती महिला ने अपने मोबाइल से बनाया. वह अकेली थी जिसने छेड़खानी पर आपत्ति जताई. हैरानी की बात यह है कि साथी यात्रियों ने बहनों को पुलिस में शिकायत न करने की भी सलाह दे डाली.

तमाशबीन सहयात्री

शुरुआत में दोनों बहनें अपने साथ हो रही छेड़खानी पर चुप रहीं, लड़कों ने बहनों पर अश्लील टिप्पणी की और भद्दे इशारे किए. हालांकि जब इन आरोपियों ने गर्भवती महिला पर भी निशाना साधना शुरू किया तो इन दोनों बहनों से रहा न गया और उन्होंन मामले को अपने हाथों में ले लिया और बहादुरी के साथ इन तीनों लड़कों की बेल्ट से पिटाई कर डाली. आखिरकार मनचलों ने पूजा और आरती पर काबू पा लिया और चलती बस से उन्हें फेंक दिया. इस कारण उन्हें मामूली चोटें भी आई हैं. इस बीच गर्भवती महिला अगले पड़ाव पर बस से उतरकर लड़कियों को साथ थाने ले गई और उनकी शिकायत दर्ज कराई.

पिता को बेटियों पर गर्व

पुलिस ने इन तीनों युवकों की पहचान मोहित, कुलदीप और दीपक के तौर पर की है. पुलिस का दावा है कि सभी आरोपी जाट हैं और लड़कियां अन्य पिछड़ा वर्ग से आती हैं. रोहतक के एसएसपी शशांक आनंद के मुताबिक तीनों पर हमले और महिला की गरिमा को नुकसान पहुंचाने के आरोप लगाए गए हैं. इस मामले में महिला हेल्पलाइन पर भी सवाल उठ रहे हैं. दोनों बहनों के मुताबिक हेल्पलाइन ऑपरेटर ने दोबारा फोन करने के वादे के साथ फोन काट दिया. बहनों का कहना है कि अब तक उन्हें हेल्पलाइन से वापस फोन नहीं आया है. लड़कियों के पिता राजेश कुमार जो कि राज्य विद्युत विभाग में क्लर्क हैं अपनी बेटियों पर गर्व महसूस कर रहे हैं. वे कहते हैं, "मुझे उन पर गर्व है और मैं चाहूंगा कि अन्य लड़कियां भविष्य में ऐसा ही करें."

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