1. Inhalt
  2. Navigation
  3. Weitere Inhalte
  4. Metanavigation
  5. Suche
  6. Choose from 30 Languages

विज्ञान

क्यों जरूरी है व्यायाम गर्भावस्था के दौरान

अब बात 20 साल पुरानी नहीं रही. आराम के बजाय अब डॉक्टर मानते हैं गर्भवती महिलाओं के लिए तकरीबन हर रोज व्यायाम जरूरी है. यह मां और शिशु दोनों को फायदा पहुंचाता है.

तकरीबन बीस साल पहले डॉक्टर एक गर्भवती महिला को जितना हो सके आराम की सलाह देते थे. इस डर ​से कि कहीं भ्रूण का विकास न प्रभावित हो जाए या गर्भपात ना हो जाए. लेकिन अब इस बारे में एक नया नजरिया है. अमेरिकन कॉलेज ऑफ ऑब्स्टेट्रीशंस एंड गायनकॉलोजिस्ट्स (एसीओजी) का कहना है कि शारीरिक गतिविधियों से अधिकतर गर्भव​ती महिलाओं को 'बेहद कम खतरा' है जबकि इसके फायदे बहुत हैं.

एसीओजी की ओर से हाल ही में जारी की गई एक नई गाइडलाइन में यह महत्वपूर्ण बात कही गई है कि व्यायाम को समय से पहले प्रसव, भ्रूण के विकास और गर्भपात की वजह मानने के तर्क में कोई वजन नहीं है. इसके उलट एसीओजी के मुताबिक, ''महिलाओं को गर्भाव्स्था से पहले, उसके दौरान या बाद में एरोबिक या सहन शक्ति बढ़ाने वाले व्यायाम करने के लिए प्रोत्साहित किया जाना चाहिए.''

इस दिशा निर्देश में गर्भावस्था के अधिकतर दिनों में 20 से लेकर 30 मिनट तक हल्के व्यायाम की सलाह दी गई है. इस बात से कोई फर्क नहीं पढ़ता कि आपका वजन कितना है या आपकी उम्र क्या है.

नीना फरारी कोलोन सेंटर फॉर प्रिवेंशन इन चाइल्डहुड एंड यूथ में खेल विज्ञानी हैं. डीडब्लू से बात करते हुए वे कहती हैं, ''इन अमेरिकी दिशा निर्देशों में जो बात सबसे अहम है, वह यह है कि इसमें स्पष्ट रूप से तैराकी या घूमने जैसे खेलों की बात कही गई है जो कि जोड़ों के लिए लाभदायक होते हैं. लेकिन अगर आप गर्भावस्था से पहले धावक रहे हैं तो आपको इसे जारी रखना चाहिए. यह बात इसमें नई है. इसे हम पहले नहीं जानते थे.''

व्यायाम आपको स्वस्थ रहने में भी मदद करता है. इससे गर्भावस्था के दौरान होने वाले मधुमेह की शिकायत भी दूर रहती है, जो कि गर्भ को नुकसान पहुंचा सकता है.

गर्भावस्था के दौरान कुछ खास किस्म के योग भी मददगार होते हैं. खासकर इस दौरान वजन के बढ़ जाने से मांओं की पीठ में अक्सर दर्द रहता है. योग सिखाने वाली सुजाने क्लोस लेमन कहती हैं, ''योग इसके लिए बहुत फायदेमंद है. योग के ज​रिए गर्भवस्था के दौरान महिलाओं की क्षमता बढ़ाई जा सकती है.''

यानि अब व्यायाम से बचने का कोई बहाना नहीं है. लेकिन हां, उन खेलों से जरूर बचने की जरूरत है जो कई तरह से नुकसान पहुंचा सकते हैं, मसलन क्रिकेट, हॉकी, रग्बी, या हैंड बॉल जैसे खेल.

निकोल गोएबेल/आरजे

DW.COM

संबंधित सामग्री