1. Inhalt
  2. Navigation
  3. Weitere Inhalte
  4. Metanavigation
  5. Suche
  6. Choose from 30 Languages

खेल

कौन थामेगा रोनाल्डो का तूफान

भले ही वे पिछले साल के फाइनलिस्ट हों, भले ही मैच उनके घर पर हो रहा हो, लेकिन सवाल है कि वे रोनाल्डो नाम के तूफान से कैसे निपटेंगे. जर्मनी की डॉर्टमुंड चैंपियंस लीग के मुहाने पर खड़ी है, जहां एक झटका उसे बाहर निकाल देगा.

क्वार्टर फाइनल के दूसरे मैच में उन्हें स्पेन की कद्दावर रियाल मैड्रिड से खेलना है, जिसके पास रोनाल्डो, बेनजिमा और बेल जैसे बेहतरीन खिलाड़ी हैं. खुद पीली जर्सी वाली बोरुसिया डॉर्टमुंड के बड़े नाम चोटिल हैं और वे दर्शक के तौर पर ही मैच में हिस्सा ले सकते हैं.

पहले मैच में रियाल ने उन्हें तीन गोल से रौंद रखा है और हफ्ते भर पुराने चोट का दर्द अब भी टीम को टीस दे रहा है. पर फुटबॉल में चमत्कार भी होते हैं. पिछले साल चमत्कार के ही बल पर डॉर्टमुंड फाइनल तक पहुंचा था, जब उसने रियाल मैड्रिड को ही 4-1 से हरा दिया था. और इस बार भी उसे चमत्कार का ही भरोसा है. उसने हार नहीं मानी है.

सबसे बड़ा खतरा 29 साल के पुर्तगाली स्ट्राइकर क्रिस्टियानो रोनाल्डो ही है, जिसने डॉर्टमुंड के खिलाफ पहले मैच में तीसरा और आखिरी गोल ठोंका था. हालांकि रॉकेट की रफ्तार से दौड़ने वाले रोनाल्डो को उसके बाद घुटने में तकलीफ महसूस हुई और उन्होंने हफ्ते भर आराम किया है. लेकिन अब वह जर्मनी पहुंच चुके हैं और वेस्टफालिन स्टेडियम में परचम फहराने को तैयार हैं.

Champions League 2012/13 Halbfinale BV Borussia Dortmund Real Madrid

डॉर्टमुंड बनाम रियाल मैड्रिड

रियाल के लिए सबसे राहत की बात है कि पूरी टीम लगभग फिट है और सभी खिलाड़ी खेलने के लिए उपलब्ध हैं. टीम के कोच कार्लो अनसेलोट्टी ने रविवार को स्पेनी लीग का मुकाबला जीतने के बाद कहा, "यह जीत टीम को भरोसा दिलाती है और उससे भी ज्यादा कि हमारे किसी खिलाड़ी को चोट नहीं लगी. वे शारीरिक रूप से फिट हैं."

डॉर्टमुंड को अपने स्टेडियम में जीतना है तो कम से कम चार गोल करने होंगे. चैंपियंस लीग में दूसरे के स्टेडियम में गोल करने पर दोगुना फायदा मिलता है. यानि अगर रियाल ने मैच में कहीं एक गोल कर दिया, तो उसकी कुल बढ़त पांच गोल की हो जाएगी और उसके बाद डॉर्टमुंड को पांच गोल करके बराबरी करनी होगी, जो लगभग असंभव दिखता है.

डॉर्टमुंड के स्ट्राइकर मार्को रॉयस कहते हैं कि अभी उन्होंने घुटने नहीं टेके हैं, "हमने हार नहीं मानी है." उनका कहना है कि जर्मन लीग मुकाबले में उन्होंने वोल्फ्सबुर्ग के खिलाफ जिस तरह खेला है, "अगर वैसा ही खेल गए, तो चांस बन सकता है." हालांकि वोल्फ्सबुर्ग और रियाल दो अलग अलग टीमें हैं. मेजबान टीम के लिए बड़ी राहत यह है कि उसके स्टार स्ट्राइकर रॉबर्ट लेवांडोव्स्की मैच के लिए तैयार हैं. बीते साल लेवांडोव्स्की ने इसी मैदान पर रोनाल्डो एंड कंपनी के खिलाफ अकेले चार ठोके थे.

एजेए/ओएसजे (एएफपी)

संबंधित सामग्री