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खेल

कोलंबो में भारत को 27 रन की बढ़त

सिर्फ आंकड़ों और रिकॉर्ड के लिए खेले जा रहे कोलंबो टेस्ट में भारत ने सचिन तेंदुलकर के शानदार दोहरे शतक की मदद से 27 रन की बढ़त ले ली है. चौथे दिन का खेल खत्म होने तक भारत ने नौ विकेट पर 669 रन बना लिए.

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एक दिन का खेल बचा है और दोनों टीमों की पहली पारी भी अभी खत्म नहीं हुई है. कुल जमा 13 विकेट गिरे हैं और ऐसे में कोलंबो टेस्ट में अब सिर्फ रस्म अदायगी बची है.

इस टेस्ट मैच को सचिन तेंदुलकर और कुमार संगकारा के दोहरे शतकों, परनविताना और जयवर्धने के शतकों और सुरेश रैना के पहले ही टेस्ट मैच में सेंचुरी के लिए याद किया जाएगा. इसके साथ निर्जीव विकेट और गेंदबाजों की हताशा के लिए भी कोलंबो टेस्ट को जेहन में रखा जा सकता है.

चौथे दिन भारत ने चार विकेट पर 382 रन से आगे खेलना शुरू किया और उसके सामने पहला काम फॉलो ऑन टालना था. सचिन तेंदुलकर शतक बना कर क्रीज पर जमे थे, लिहाजा काम आसान हो गया. उन्होंने पहला टेस्ट खेल रहे सुरेश रैना के साथ पांचवें विकेट के लिए 256 रन की साझीदारी निभाई. इस साझीदारी ने भारत के ऊपर से सारा बोझ खत्म कर दिया और फॉलो ऑन का संकट खत्म होने के साथ साथ हार की कोई आशंका भी नहीं रही.

गेंदबाजों को बेदम कर देने वाले विकेट पर पहले तीन दिन में सिर्फ आठ विकेट गिरे. चौथे दिन भी कोई बहुत अच्छा हाल नहीं रहा. श्रीलंका के गेंदबाजों को पांच विकेट जरूर मिले लेकिन तब तक भारत ने एक पहाड़ जैसा स्कोर खड़ा कर लिया. अजंता मेंडिस को चार विकेट मिले लेकिन इसके लिए उन्हें 54 ओवर डालने पड़े. रणदीव को तो 64 ओवर फेंकने के बाद भी सिर्फ दो विकेट मिल पाए.

भारत के ओपनर बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग दुर्भाग्यशाली रहे, जब वह 99 रन पर आउट हो गए. लेकिन बाकी के बल्लेबाजों ने ठोस शुरुआत को शानदार पारी में बदल दिया. खास तौर पर सुरेश रैना ने बेहतरीन बल्लेबाजी की और पहले ही टेस्ट मैच में शतक बनाने वाले चुनिंदा खिलाड़ियों में शामिल हो गए. टीम इंडिया की वनडे टीम के अहम हिस्सा बन चुके रैना ने अब टेस्ट मैचों में भी अपनी जगह लगभग पक्की कर ली है.

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कप्तान धोनी ने भी मारे 76 रन

कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने भी कुछ सधे हुए हाथ दिखाए और टीम के लिए 76 रन जोड़े. निचले क्रम में सबसे उल्लेखनीय बल्लेबाजी करियर का दूसरा टेस्ट खेल रहे अभिमन्यु मिथुन ने की और उन्होंने 41 रन बनाए. गॉल टेस्ट में भी मिथुन ने बल्ले से अच्छे हाथ दिखाए थे. हरभजन सिंह बिना रन बनाए आउट हो गए, जबकि इशांत शर्मा 10 रन बना कर नाबाद हैं.

रिपोर्टः ए जमाल

संपादनः एन रंजन