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मंथन

कैसे होता है अंतरिक्ष यात्रियों का सेलेक्शन

जर्मनी, पहली बार किसी महिला को अंतरिक्ष में भेजने की तैयारी कर रहा है. इसके लिए 400 महिलाओं ने एप्लाई किया. ऐसी क्या खूबियां होती हैं जो सेलेक्शन में अहम भूमिका निभाती हैं, बता रही हैं एयरफोर्स पायलट निकोला बाउमन.

एयरफोर्स पायलट निकोला बाउमन जर्मनी की पहली महिला अंतरिक्ष यात्री बनना चाहती हैं. बाउमन बचपन के सपने को साकार कर रही हैं, "मैं हमेशा उड़ना चाहती थी. जब मैं बच्ची थी तब भी मुझे एयरप्लेन पसंद थे, एयरपोर्ट जाना पसंद था. इसीलिए अंतरिक्ष यात्री बनना मेरे लिये अगला सही कदम होगा."

लेकिन इस दौड़ में बाउमन अकेली नहीं हैं. जर्मनी की पहली अंतरिक्षयात्री बनने के लिए 400 महिलाओं ने एप्लाई किया है. फाइटर जेट पायलट बाउमन, सेलेक्शन के दो राउंड पार कर चुकी हैं. कई तरह के शारीरिक और मनोवैज्ञानिक टेस्ट पूरे हो चुके हैं और अब 400 से में सिर्फ 30 कैंडिडेट बचे हैं.

फाइटर जेट पायलट होना बाउमन के लिए काफी मददगार है, "ये जरूरी है कि आप इस प्रक्रिया का सामना कैसे करते हैं. आपको सिस्टम का पता होना चाहिए, ये कैसे काम करता है. आप चेकलिस्ट बनाकर काम करते हैं और आपको पता होता है कि मुश्किल या तनावपूर्ण स्थिति में क्या करना है. तनाव के माहौल में शांत रहना और अपना काम करना एक कौशल है. मैं हमेशा 100 फीसदी तैयार रहती हूं और अच्छी तरह जानती हूं क्या उम्मीद करनी चाहिए."

अंतरिक्षयात्री आम तौर पर सेना के पायलट होते हैं. वे दबाव में काम करना जानते हैं. उन्हें 2,000 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से उड़ने वाले फाइटर जेट्स का अनुभव होता है. बाउमन अपना ज्यादा समय जिम में गुजारती हैं. अंतरिक्ष यात्री को टॉप कंडिशन में होना चाहिए. स्टैमिना उन्हें अगले चरण तक पहुंचाने में मदद करेगा. "अंतरिक्ष में भारहीनता के कारण हर मिनट आपकी मांसपेशियों का विघटन होता है. इसीलिए आपको स्टार्टिंग में सुपर फिट होना चाहिए तभी आप वहां से ठीक ठाक आकार में लौट पाएंगे."

बाउमन का परिवार उनके साथ है. उनकी मां और नानी दोनों पायलट रह चुकी हैं. अब निकोला सेलेक्शन प्रोसेस के फाइनल राउंड में हैं. जल्द ही एस्ट्रोनॉट की ट्रेनिंग के लिए दो उम्मीदवारों को चुना जाएगा. और आखिर में उनमें से कोई एक अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन तक जाएगा. निकोला को इन दिनों बस उसी पल का इंतजार है, "टेक ऑफ अद्भुत होगा. स्पेस हेलमेट पहनना, शटल में जाना, काउंटडाउन और फिर लॉन्च वाला जबरदस्त ब्लास्ट. ये अद्भुत होगा. किसी भी रोलरकोस्टर से अच्छा."

लेकिन उनका सपना सिर्फ अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन तक ही सीमित नहीं है. बाउमन चंद्रमा पर, मंगल पर और उसके के आगे भी जाना चाहती हैं. लेकिन सबसे पहले 2020 में ISS में 20 दिन बिताना, फिलहाल ये उन्हें इस पहली सीढ़ी तक पहुंचना है.

(हबल टेलीस्कोप ने कैद किए अंतरिक्ष के अद्भुत नजारे​​​​​​​) 

क्लाउडिया लासचाक/ओएसजे

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