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दुनिया

कैले का जंगल कराया गया खाली, शरणार्थियों का विरोध

फ्रांसीसी शहर कैले का 'जंगल' यूरोप में शरणार्थी संकट का प्रतीक बन गया था. अब इस शरणार्थी कैंप को तोड़ा जा रहा है. ब्रिटेन जाने की कोशिश में यहां जमे सैकड़ों शरणार्थियों को देश के दूसरे हिस्सों में भेजा जा रहा है.

आने वाले दिनों में 6000 से 8000 शरणार्थियों को फ्रांस के विभिन्न शहरों में बांटा जाएगा ताकि जंगल के नाम से कुख्यात कैले शहर के कैंप में झोपड़ियों को तोड़ा जा सके. सोमवार सुबह से ही शरणार्थी एक घेराबंद जगह में इकट्ठा होने लगे थे जहां से उन्हें दूसरे कैंपों में भेजा जाना था. जल्द ही वहां लोगों की लाइन लग गई. कुछ शरणार्थी बाय बाय जंगल कहते हुए सुने गए. एक सूडानी शरणार्थी ने कहा, "यहां दो दिन के बदले दो घंटे इंतजार करना बेहतर है."

शरणार्थियों को पहले एक हैंगर में रजिस्टर किया गया और उन्हें दो शहरों में से एक चुनने को कहा गया. 50 सूडानी शरणार्थियों को लेकर पहली बस पूर्वी फ्रांसीसी शहर बुरगुंड की ओर रवाना हुई. दिन भर में करीब 60 बसों में करीब 2500 शरणार्थियों को फ्रांस के विभिन्न हिस्सों में पहुंचाया जाएगा. मंगलवार को 45 और बुधवार को 40 बसें शरणार्थियों को ले जाएंगी. देश भर में 451 कैंप शरणार्थियों को लेने के लिए तैयार हैं. इलाके की प्रिफेक्ट फाबिएन बुचियो ने इसे ऐतिहासिक घड़ी बताते हुए कहा, "अब शरणार्थी अच्छा भविष्य बना पाएंगे."

Frankreich Räumung Dschungel von Calais (Reuters/P. Woyazer)

भेजे जाने से पहले रजिस्ट्रेशन

फ्रांस के गृह मंत्री बैर्नार्ड काजनॉएव ने पूरे अभियान पर संतोष व्यक्त किया और इसे शांति और सुनियोजित अभियान बताया. लेकिन शरणार्थियों को ले जाने का काम देख रहे अधिकारियों ने कैले शरणार्थी कैंप को खत्म करने को जोखिम भरा अभियान बताया है. वहां सुरक्षा के लिए 1250 पुलिसकर्मियों को तैनात किया है.  बहुत से शरणार्थियों को डर है कि उनके रहने के लिए दूसरे कैंपों में पर्याप्त जगह नहीं है. पिछली रातों में कई बार पुलिस और शरणार्थियों के बीच झड़पें भी हुई हैं. शरणार्थियों ने पुलिस पर पत्थरबाजी की और पुलिस ने शरणार्थियों पर आंसू गैस के गोले छोड़े.

पर्यवेक्षकों का कहना है कि आने वाले दिनों में हालात बिगड़ सकते हैं. करीब 2000 शरणार्थी इलाका छोड़ना नहीं चाहते हैं क्योंकि वे ब्रिटेन जाना चाहते हैं और उन्हें डर है कि यदि उन्हें फ्रांस में अपना नाम रजिस्टर कर लिया तो वे ब्रिटेन नहीं जा पाएंगे. शरणार्थियों की मदद करने वाली एक संस्था के प्रमुख क्रिस्टियान सलोम कहना है कि इस समय सब कुछ ठीकठाक चल रहा है क्योंकि ऐसे शरणार्थी बसों तक पहुंच रहे हैं जो "अधीरता से जाने का इंतजार कर रहे थे." अधिकारियों ने इलाके में रहने वाले शरणार्थियों को गिरफ्तार करने और फ्रांस से बाहर निकाल देने की चेतावनी दी है.

Frankreich Räumung Dschungel von Calais (picture-alliance/dpa/E. Laurent)

इंतजार की घड़ियां

कैले सालों से शरणार्थी संकट के केंद्र में है. यहां ऐसे शरणार्थी अवैध रूप से रह रहे हैं जो गुपचुप इंगलिश चैनल या यूरो टनल होकर ब्रिटेन जाना चाहते हैं. पहले भी कैले में अवैध कैंपों को खाली कराया जा चुका है लेकिन जल्द ही फिर से नए टेंट लग जाते हैं. जंगल कैंप को तोड़े जाने के बाद भी आशंका है कि काफी लोग ब्रिटेन जाने के इंतजार में इलाके में रह जाएंगे. कैले के शरणार्थियों को देश के विभिन्न इलाकों में बांटे जाने पर भी विवाद है.

कुछ इलाकों के मेयर शरणार्थियों को लेने का विरोध कर रहे हैं. इसके अलावा शरणार्थियों के कई मकानों पर आगजनी की घटना भी हुई है. रविवार की रात क्लेरमोंट फेरांड के पास स्थित गांव में शरणार्थी कैंप में आग लगा दी गई. अधिकारियों के अनुसार ज्यादा नुकसान नहीं हुआ क्योंकि घटना के समय जहां आग लगी वहां कोई मौजूद नहीं था.

एमजे/एके (एएफपी)

 

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