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खेल

किस बारे में बात नहीं करना चाहते सचिन?

ऐसा नहीं है कि भारतीय क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर बहुत बोलते हैं. लेकिन कुछ बातों के बारे में बात करना उन्हें बिल्कुल पसंद नहीं. यह बात तब पता चली जब कमेंटेटर हर्षा भोगले ने उनसे सवाल जवाब किए.

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शुक्रवार को सचिन मोहाली में अपना 170वां टेस्ट खेलने उतरेंगे. लेकिन 20 साल तक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने के बाद भी भारतीय स्टार बल्लेबाज सचिन कभी यह मानकर नहीं चले कि यह तो उन्हें मिलना ही है.

सचिन कहते हैं कि उनकी सफलता कड़ी मेहनत का नतीजा है. उन्होंने कहा, "जब आप जिंदगी में का एक चक्कर पूरा करते हैं तो उसमें उतार चढ़ाव आते जाते रहते हैं. आप हमेशा ऊपर नहीं रह सकते. जरूरी यह है कि आप चक्कर पूरा करें और मेरे करियर में यही हुआ."

सचिन भारतीय टीम की नई जर्सी को पेश करने के मौके पर अपने साथियों वीरेंद्र सहवाग, गौतम गंभीर, हरभजन सिंह, जहीर खान और प्रज्ञान ओझा के साथ मौजूद थे. यह नई जर्सी ऑस्ट्रेलिया के साथ शुरू होने वाली वनडे सीरीज से इस्तेमाल की जाएगी. इस मौके पर सचिन से कमेंटेटर हर्षा भोगले ने बातचीत की. बातचीत के दौरान सचिन ने कहा, "मैं ऐसा मानकर नहीं चलता की सफलता मुझे मिल ही जानी है. मैंने सालों साल कड़ी मेहनत की है. जरूरी यह है कि आप मेहनत जारी रखें और जिंदगी में हर रोज बेहतर होने की कोशिश करें. मैं ऐसा करते हुए हर पल का लुत्फ उठाता हूं."

indischer Cricketspieler Sachin Tendul

सचिन, सहवाग

37 साल के सचिन से जब पूछा गया कि उन्होंने क्रिकेट खेलना शुरू किया तो वह कितने साल के थे, तब उन्होंने कहा, "मैं इस बारे में बात नहीं करना चाहता. जब तक मैं खेल का मजा ले रहा हूं, तब तक मैं यहां हूं."

पहले पांच-पांच टेस्ट मैचों की लंबी सीरीज होती थीं, लेकिन अब ऐसा नहीं है. इस बारे में सचिन का मानना है कि अब ऐसा करना वाकई बहुत मुश्किल है. वह कहते हैं, "अब जो कार्यक्रम होता है उसके हिसाब से इतनी लंबी सीरीज कर पाना तो बहुत ही मुश्किल होगा. इसके लिए एक अलग ही मनोदशा की जरूरत होती है. कई बार आप बहुत अच्छे तरीके से सीरीज शुरू करते हैं लेकिन आखिर तक आते आते हालत खराब हो जाती है. कई बार आपकी शुरुआत खराब होती है लेकिन आप मैन ऑफ द सीरीज के रूप में सीरीज खत्म करते हैं."

सचिन को टीम की नई जर्सी पसंद हैं. खासकर इसका नीला रंग उन्हें पसंद आता है. वह कहते हैं, "मुझे नीले और नारंगी रंग पसंद हैं." लेकिन सबसे ज्यादा उन्हें पसंद हैं तिरंगा. वह कहते हैं, "तिरंगा सबसे ज्यादा खास है. हम इसे पहनकर बहुत गर्व महसूस करते हैं और इसके लिए कड़ी मेहनत करते हैं."

सचिन के नाम इतने सारे रिकॉर्ड्स हैं लेकिन वह इनके बारे में बात ही नहीं करना चाहते. जब उनसे पूछा गया तो उन्होंने कहा, "मुझे रिकॉर्ड्स के बारे में बात करना पसंद नहीं. इसके बारे में तो औरों को ही बात करने दीजिए. मैं तो रन बनाता रहूंगा."

रिपोर्टः एजेंसियां/वी कुमार

संपादनः महेश झा

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