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दुनिया

किम जोंग नाम की हत्या के आरोप में एक महिला गिरफ्तार

उत्तर कोरिया के शासक के सौतेले भाई की रहस्यमयी ढंग से हुई हत्या के मामले में मलेशिया की पुलिस ने एक महिला को गिरफ्तार किया. माना जा रहा है कि भाई को भाई ने ही मरवाया.

उत्तर कोरिया के शासक किम जोंग उन के सौतेले भाई किम जोंग नाम की कुआलालम्पुर एयरपोर्ट पर हत्या के दो दिन बाद पुलिस ने एक महिला को गिरफ्तार किया है. मलेशिया की पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार की गई महिला का चेहरा सीसीटीवी कैमरे में दर्ज महिला से पूरी तरह मेल खा रहा है. महिला के पास वियतनाम का पासपोर्ट मिला.

मलेशिया के पुलिस प्रमुख खालिद अबु बाकर के मुताबिक 28 साल की दोआन थी हुओंग को बुधवार सुबह कुआलालम्पुर एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया गया. बाकर ने कहा, "संदिग्ध का चेहरा एयरपोर्ट के सीटीटीवी फुटेज में मेल खा रहा है. गिरफ्तारी के वक्त वह अकेली थी."

इससे पहले मंगलवार को किम जोंग नाम की हत्या की खबर आई. खबर दक्षिण कोरिया की मीडिया ने दी. मलेशिया ने काफी देर बाद इसकी पुष्टि की. मलेशिया की पुलिस के मुताबिक 45 साल के किम जोंग नाम पर हमला सोमवार को एयरपोर्ट के डिपार्चर हॉल में किया गया. पुलिस के मुख्य जांच अधिकारी फाजिल अहमत के मुताबिक, "उन्होंने बताया कि किसी ने पीछे से उनका मुंह पकड़ा और कोई तरल पदार्थ मल दिया. उन्होंने मदद मांगी, जिसके बाद तुरंत उन्हें एयरपोर्ट क्लीनिक ले जाया गया. उस वक्त उनके सिर में दर्द था और वह दम तोड़ने के करीब थे."

Mutmaßlich Kim Jong Nam, Bruder von Nordkoreas Diktator Kim Jong Un (picture alliance/AP Photo/S. Kambayashi/W. Maye)

बायीं तरफ किम जोंग नाम और दाहिनी तरफ किम जोंग उन

एक स्थानीय अखबार से बातचीत में फाजिल ने बताया, "क्लीनिक में ही पीड़ित का बदन हल्का अकड़ चुका था. उन्हें एंबुलेंस में डालकर पुत्रजया हॉस्पिटल ले जाया गया जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया."

मलेशिया के फॉरेंसिक एक्सपर्ट अब किम जोंग नाम के शरीर की गहन जांच कर रहे हैं. कुआलालम्पुर के जिस अस्पताल में शव की जांच की जा रही है उसके बाहर एक काले रंग की जैगुआर कार भी दिखाई पड़ी. कार पर उत्तर कोरिया का झंडा लगा था.

माना जा रहा है कि किम जोंग नाम की हत्या उनके सौतेले भाई और उत्तर कोरिया के शासक किम जोंग उन ने करवाई है. हत्याकांड ने एक बार फिर शीत युद्ध के समय में जासूसों की मदद से होने वाली हत्याओं की याद दिलाई है.

2001 में फर्जी पासपोर्ट के सहारे जापान जाने की कोशिश में पकड़े जाने के बाद से ही किम जोंग नाम देश निकाला झेल रहे थे. वह चीन में रहते थे, जहां उन्हें सुरक्षा मिली हुई थी. किम जोंग नाम ने कुछ मौकों पर उत्तर कोरिया की वंशवादी राजनीति की आलोचना की थी. दक्षिण कोरिया के इंटेलिजेंस कमेटी के एक सदस्य किम ब्युंग-की के मुताबिक 2012 में उन्होंने उत्तर कोरिया के शासक किम जोंग उन को एक खत भी लिखा. अपने सौतेले भाई को लिखे खत में किम जोंग नाम ने लिखा, "कृपया मुझे और मेरे परिवार को बख्श दो."

(अपनों को ठिकाने लगाने के लिए बदनाम उत्तर कोरिया)

ओएसजे/एमजे (एएफपी)

 

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