1. Inhalt
  2. Navigation
  3. Weitere Inhalte
  4. Metanavigation
  5. Suche
  6. Choose from 30 Languages

विज्ञान

आईटी कंपनियों का नया ठिकाना

फिनलैंड का तापमान सर्दियों में कुल्फी जमाने वाला और गर्मियों के महीनों में गुलाबी ठंड वाला होता है. यहां की यही बात आईटी कंपनियों को अपनी तरफ खींच रही है. कंपनियों के पास बचत का मौका जो है.

अगर आपको सूरज की तलाश है तो फिनलैंड आपके लिए बिल्कुल भी काम की जगह नहीं. कुल मिलाकर साल भर ठंड रहती है. लेकिन ठंडे मौसम की ही बदौलत गूगल और माइक्रोसॉफ्ट जैसी कंपनियां वह रकम बचाना चाहती हैं जो वे दुनिया भर में अपने हजारों सर्वरों को ठंडा रखने के लिए खर्च करती हैं.

बचत का रास्ता

डाटा स्टोरेज बैंक बहुत ऊष्मा पैदा करते हैं और इन्हें ठंडा रखने के लिए एयरकंडिशनिंग पर ढेरों खर्च होता है, खासकर गर्म मौसम में. यानि फिनलैंड जैसे ठंडे इलाकों में इन मशानों की कूलिंग का खर्च नहीं होगा. दूसरे उत्तरी यूरोपीय देशों में भी कंपनियां सर्वर लगाकर बड़ी बचत कर सकती हैं. 2009 में गूगल ने रूसी बॉर्डर के पास के इलाके हामिना में एक पुरानी पेपर फैक्ट्री को खरीद डाटा सेंटर में बदल दिया जो बालंटिक सागर के पानी से ठंडा रहता है. इसी तरह माइक्रोसॉफट ने पिछले साल उत्तरी फिनलैंड में डाटा सेंटर बनाया.

तकनीक उद्योग के बारे में लिखने वाले पेटेरी जैरविनेन इस बात से खुश हैं, "फिनलैंड में हम इस बात को लेकर उत्साहित हैं कि हम अपने ठंडे मौसम और बोरिंग समाज को प्रतिस्पर्धात्मक बना सकेंगे." आईटी कंपनियों के इन सर्वरों में ढेरों टेराबाइट डाटा भरा पड़ा है. डिजिटल युग के प्रसार के साथ इनका स्टोरेज भी एक बड़ा सवाल है.

रोजगार की उम्मीद

कंपनियों के इस कदम से उत्तरी यूरोपीय देशों में रोजगार की संभावनाएं भी बनी हैं. फिनलैंड की सरकार डाटा स्टोरेज सेंटर बनाने की योजना का समर्थन कर रही है. इसके अलावा सरकार ने फिनलैंड और जर्मनी के बीच बाल्टिक केबल प्रोजेक्ट में खर्च होने वाले 10 करोड़ यूरो का एक तिहाई हिस्सा देने का फैसला भी किया है. उम्मीद की जा रही है ये केबल 2015 तक काम करने लगेंगे.

स्थानीय उद्योग प्रचारक वाइडमन मानते हैं कि सरकार का मकसद सिर्फ इन केंद्रों को प्रोत्साहन देना ही नहीं बल्कि रोजगार की संभावनाएं पैदा करना भी है. ये नौकरियां सॉफ्टवेयर रिसर्च या सर्विसिंग की हो सकती हैं. फिलहाल इन केंद्रों के निर्माण के दौरान कई अस्थायी नौकरियां हैं. एक बार प्रोजेक्ट तैयार हो जाने पर ढेरों उच्च स्तरीय नौकरियां खुलने की उम्मीद है. हालांकि फिनलैंड के इस महत्वकांक्षी प्रोजेक्ट के आलोचक भी कई हैं जिनका मानना है कि स्टोरेज केंद्रों में पैदा होने वाली नौकरियां सिर्फ देखभाल के लिए निम्न स्तर की होंगी. जैरविनेन कहते हैं कि डाटा सेंटर हमारी सस्ती बिजली का इस्तेमाल करेंगे और स्थानीय अर्थव्यवस्था में कोई मदद नहीं करेंगे तो ये कोई अच्छी स्थिति नहीं है.

एसएफ/एएम (एएफपी)

DW.COM

संबंधित सामग्री