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मनोरंजन

अब बीयर नहीं पीना चाहते जर्मन

जर्मनी में बीयर बाजार घटता जा रहा है. 2006 से अब तक लगातार बीयर की बिक्री कम हुई है. बीयर कंपनियां अब अल्कोहल रहित बीयर से उम्मीद लगाए बैठी हैं.

जर्मनी और बीयर एक तरह से पर्यायवाची हैं. लेकिन अब ऐसा लग रहा है कि लोग स्वास्थ्य को प्राथमिकता देते हुए अल्कोहल वाली बीयर से पीछा छुड़ाना चाहते हैं. जर्मन सांख्यिकी दफ्तर के मुताबिक 2013 में कुल 94.6 हेक्टोलीटर बीयर बेची गई. 2012 में यह मात्रा 96 हेक्टोलीटर से ज्यादा थी. एक हेक्टोलीटर में 100 लीटर होते हैं. जर्मनी में 2013 के दौरान केवल 79.7 हेक्टोलीटर बीयर बेची गई हालांकि यूरोपीय संघ के बाहर वाले देश जर्मन बीयर में दिलचस्पी लेते दिख रहे हैं, वहां जर्मन बीयर निर्यात आठ प्रतिशत बढ़ा है. सबसे ज्यादा जर्मन बीयर अमेरिका और चीन को जाती है.

जर्मन बाजार में आजकल अल्कोहल रहित बीयर की मांग बढ़ गई है. लेकिन इस तरह के बीयर के बारे में औपचारिक आंकड़े नहीं हैं क्योंकि उनपर टैक्स नहीं लगता. 2012 में 4.1 हक्टोलीटर अल्कोहल रहित बीयर बेची गई और 2013 में यह संख्या बढ़ी हो सकती है. इसके अलावा आजकल बीयर और नींबू पानी का मिक्स, बीयर और कोला या बीयर और फलों के रस के मिक्स काफी लोकप्रिय हो रहे हैं.

लेकिन पारंपरिक पेय बीयर बनाने वाली ब्रूवरी चिंतित हैं. ब्रूवर्स संघ का मानना है कि पिछले साल जर्मनी में मौसम में काफी बदलाव आए और हो सकता है कि इस वजह से लोगों ने बीयर पीना कम किया हो. एक और वजह यह भी है कि जर्मन समाज में बूढ़ों की संख्या ज्यादा है और बूढ़े युवाओं के मुकाबले कम बीयर पीते हैं.

जर्मनी में बीयर की परंपरा बहुत पुरानी है. यहां कुछ ही समय पहले बीयर बनाने के नियमों को सांस्कृतिक दर्जा दिए जाने की भी मांग की जा रही थी. बीयर बनाने वाले संघ, जर्मन ब्रूवर्स फेडरेशन ने 16वीं शताब्दी के बीयर शुद्धता कानून को "अप्रत्यक्ष सांस्कृतिक धरोहर" का दर्जा देने की मांग की है. यह दर्जा देने का अधिकार यूनेस्को विश्व धरोहर केंद्र के पास ही है. संघ की मांग का समर्थन करते हुए जर्मनी के सांस्कृतिक मामलों के मंत्रालय ने पिछले हफ्ते ही "बीयर प्यूरिटी लॉ" को यूनेस्को वर्ल्ड हेरिटेज में लिस्ट कराने के लिए भेजा है. 16वीं शताब्दी में बवेरिया के बीयर उत्पादकों ने तय किया कि वे सिर्फ प्राकृतिक चीजों से ही बीयर बनाएंगे और उसके स्वाद से किसी तरह की छेड़छाड़ नहीं करेंगे.

एमजी/एएम(एएफपी, रॉयटर्स)

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